भोपाल में किसानों का जोरदार प्रदर्शन और सरकारी प्रतिक्रिया
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में किसानों ने जबरदस्त हंगामा किया, जब वे मूंग की फसल की MSP पर खरीद की मांग को लेकर सड़कों पर उतर आए। किसानों ने पुलिस की बैरिकेडिंग तोड़ते हुए मुख्यमंत्री मोहन यादव के सरकारी आवास से महज एक किलोमीटर दूर रोशनपुरा चौराहे तक पहुंचने में सफलता हासिल की। इस प्रदर्शन के दौरान, किसानों ने केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान के आवास के बाहर भी प्रदर्शन किया, जबकि राज्य सरकार उनके प्रतिनिधियों के साथ बातचीत कर रही थी।
प्रदर्शनकारियों का विरोध और पुलिस का रुख
संयुक्त किसान मोर्चा और अन्य किसान संगठनों के नेतृत्व में मार्च कर रहे किसानों ने नर्मदापुरम रोड पर कई बैरिकेडिंग पार कर दी, जिससे पुलिस के साथ तनावपूर्ण स्थिति उत्पन्न हो गई। अंततः, भारी सुरक्षा बलों को तैनात किया गया, और प्रदर्शनकारी डेरा डाले रहे, जबकि सरकार की ओर से बातचीत का सिलसिला जारी रहा। हालांकि, इस दौरान कई झड़पें हुईं और कुछ बसों की खिड़कियां क्षतिग्रस्त हो गईं, लेकिन अधिकारियों ने बल प्रयोग से बचाव किया।
मूंग की MSP खरीद और सरकार की पहल
किसानों की मुख्य मांग थी कि गर्मियों की पूरी मूंग की फसल MSP पर खरीदी जाए, साथ ही खाद वितरण के लिए ई-टोकन सिस्टम को समाप्त किया जाए और आगामी बुवाई के मौसम से पहले खाद की समय पर उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। इस संदर्भ में, मुख्यमंत्री मोहन यादव ने किसानों के प्रतिनिधियों के साथ बातचीत के लिए चार सदस्यीय समिति की घोषणा की। यादव ने कहा, “सरकार हमेशा किसानों के साथ खड़ी रही है और सकारात्मक सुझावों पर विचार करने के लिए तैयार है।” उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि बातचीत के माध्यम से इस मुद्दे का समाधान निकाला जाएगा।











