सत्य निकेतन हादसे के मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी
दक्षिण दिल्ली के सत्य निकेतन क्षेत्र में हुई बहुमंजिला इमारत के हादसे में सात लोगों की जान चली गई है। इस जर्जर संरचना के ढहने के बाद से ही बिल्डिंग के मालिक हरिराम गुप्ता फरार था। पुलिस की टीमें लगातार उसकी गिरफ्तारी के लिए उसके ठिकानों पर दबिश दे रही थीं। अंततः सोमवार दोपहर को राजस्थान के भिवाड़ी (Bhiwadi) से उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
हरिराम गुप्ता का परिचय और उसकी संपत्ति
गिरफ्तार आरोपी हरिराम गुप्ता गुरुग्राम (Gurgaon) के एक प्रसिद्ध हार्डवेयर व्यवसायी के रूप में जाना जाता है। उसका बड़ा और जमा-जमाया कारोबार है, जो उसने वर्षों से स्थापित किया है। वह अपने परिवार के साथ सेक्टर-23, पालम विहार (Palam Vihar) में रहता है, जहां उसके कई मकान मौजूद हैं। जब आजतक की टीम ने उसके घर की पड़ताल की, तो कई महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आईं। उसकी बेटी और बेटे के पासपोर्ट पर भी पालम विहार का पता दर्ज है।
पुलिस की कार्रवाई और फरार रिश्तेदार
पुलिस ने सत्य निकेतन हादसे के तुरंत बाद ही आरोपी हरिराम के पालम विहार स्थित आवास पर छापेमारी की, लेकिन वह वहां से गायब मिला। पुलिस का मानना है कि उसने गिरफ्तारी से बचने के लिए किसी सुरक्षित स्थान पर छिपा रखा है। इसके साथ ही, पुलिस ने उसके करीबी और सहयोगियों के ठिकानों पर भी छापेमारी की है। हरिराम का भाई वरुण मित्तल भी फरार है, जिसकी दुकान सेक्टर-23 में ही है। पुलिस उसकी तलाश में हरियाणा, उत्तर प्रदेश और दिल्ली के विभिन्न इलाकों में ताबड़तोड़ छापेमारी कर रही है।











