दिल्ली में वायु प्रदूषण पर राजनीतिक विवाद तेज
दिल्ली में वायु प्रदूषण को लेकर एक बार फिर राजनीतिक माहौल गरम हो गया है। सरकार में मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने मंगलवार को आम आदमी पार्टी (AAP) और उसके नेता अरविंद केजरीवाल पर तीखे आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि पंजाब के किसानों को जानबूझकर पराली जलाने के लिए उकसाया जा रहा है, ताकि दिल्ली की हवा और अधिक जहरीली हो सके।
पंजाब के किसानों को पराली जलाने के लिए मजबूर करने का आरोप
सिरसा ने कहा कि पंजाब में आम आदमी पार्टी के नेता किसानों को चेहरा ढककर पराली जलाने के लिए मजबूर कर रहे हैं, ताकि उनकी पहचान न हो सके। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसान खुद पराली जलाना नहीं चाहते, लेकिन उन्हें ऐसा करने के लिए कहा जा रहा है। उनका तर्क है कि इस रणनीति का मकसद दिल्ली के प्रदूषण का दोष किसानों पर मढ़ना और दिवाली के त्योहार को बदनाम करना है।
केजरीवाल पर हिंदू धार्मिक भावनाओं को आहत करने का आरोप
सिरसा ने आगे कहा कि आम आदमी पार्टी के नेता केजरीवाल ने हिंदू धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाई है। उन्होंने आरोप लगाया कि दिवाली पर पटाखों पर प्रतिबंध लगाने के बावजूद, दूसरी धार्मिक परंपराओं पर चुप्पी साधी जाती है। बकरीद के दौरान जानवरों की कुर्बानी पर भी कोई बात नहीं की जाती, जबकि दिवाली को बदनाम करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि ये लोग हिंदू परंपराओं पर हमला कर रहे हैं, जैसे कि औरंगजेब ने किया था।
केजरीवाल सरकार की नाकामी और प्रदूषण आंकड़े
सिरसा ने कहा कि केजरीवाल सरकार पिछले दस वर्षों में प्रदूषण नियंत्रण में पूरी तरह असफल रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने इस दौरान पंजाब के किसानों को दोषी ठहराने में समय बिताया। उन्होंने यह भी बताया कि उन्होंने पिछले सात महीनों में दिल्ली की पुरानी समस्याओं पर काम शुरू किया है, जिससे सरकार बौखला गई है।
सिरसा ने अपने दावों का समर्थन आंकड़ों के साथ किया। उन्होंने बताया कि पिछले तीन वर्षों में दिवाली के बाद दिल्ली के एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) में क्या बदलाव आया है। 2023 में दिवाली के बाद AQI में 83 अंकों की वृद्धि हुई, 2024 में पटाखों पर प्रतिबंध के बावजूद 32 अंकों की बढ़ोतरी दर्ज हुई, और इस साल जब लोगों ने खुलकर दिवाली मनाई, तो यह वृद्धि सिर्फ 11 अंकों की रही।
उन्होंने कहा कि ये आंकड़े साबित करते हैं कि दिवाली के पटाखे प्रदूषण का मुख्य कारण नहीं हैं। सिरसा ने कहा, “जो सरकार ऑड-ईवन, पटाखा प्रतिबंध और अन्य उपायों के बावजूद हवा को साफ नहीं कर पाई, उसे दिल्लीवासियों की आस्था पर सवाल उठाने का कोई हक नहीं है।” इसके साथ ही, उन्होंने सरकार की उपलब्धियों का भी जिक्र किया, जैसे कि 27 लाख मीट्रिक टन कचरा हटाना, हजारों इलेक्ट्रिक बसें चलाना और कई सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (STPs) को पुनः शुरू करना।
आम आदमी पार्टी का पलटवार और पंजाब का AQI
वहीं, आम आदमी पार्टी के नेता सौरभ भारद्वाज ने सिरसा के आरोपों का जवाब देते हुए कहा कि पंजाब का AQI सिर्फ 156 है, और पराली जलाने से दिल्ली का प्रदूषण बढ़ने का दावा गलत है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि एक अनपढ़ व्यक्ति कह रहा है कि पंजाब में पराली जलाने से दिल्ली का प्रदूषण बढ़ गया, जबकि वास्तविक आंकड़े इससे अलग हैं।










