Thursday, October 15, 2026
  • Login
Lok Awaaz 24x7
  • भारतlive
    • उत्तर प्रदेश
    • गुजरात
    • उत्तराखंड
    • ओडिशा
    • छत्तीसगढ़
    • झारखंड
    • दिल्ली
    • पंजाब
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • विदेश
  • इकोनॉमी
  • खेल
  • टेक्नोलॉजी
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
No Result
View All Result
Lok Awaaz 24x7
No Result
View All Result
Home बिहार

प्रशांत किशोर का विक्टिम कार्ड: क्या बीजेपी की रणनीति या राजनीतिक खेल? जानिए पूरी सच्चाई

by लोक आवाज़ 24×7 स्टाफ
22/10/2025
in बिहार
प्रशांत किशोर का विक्टिम कार्ड, बीजेपी की ‘जबरदस्ती’ या राजनीतिक नाटक?
Share on FacebookShare on Twitter

बिहार चुनाव में जन सुराज पार्टी का उतार-चढ़ाव

बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान जन सुराज पार्टी की स्थिति काफी चर्चा में रही है। शुरुआत में ऐसा प्रतीत हो रहा था कि यह पार्टी इस बार बड़े उलटफेर की ओर बढ़ रही है। लेकिन अचानक पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर (PK) ने अपने विक्टिम कार्ड का सहारा लेना शुरू कर दिया, जिससे उनकी पार्टी की चुनावी संभावनाएं संदिग्ध हो गई हैं। इससे पहले भी प्रशांत किशोर पर पत्रकारों के साथ कठोर व्यवहार करने के आरोप लग चुके हैं। उनके द्वारा की गई बातचीत में उनके गुस्से और निराशा का स्पष्ट संकेत दिखता है।

प्रशांत किशोर का आरोप और राजनीतिक विवाद

21 अक्टूबर को पटना में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रशांत किशोर ने दावा किया कि भाजपा की शीर्ष नेतृत्व – गृह मंत्री अमित शाह और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने उनके तीन प्रत्याशियों का नामांकन जबरन रद्द करवा दिया। उन्होंने कहा कि दानापुर से अखिलेश कुमार उर्फ मुतुर शाह, ब्रह्मपुर से सत्य प्रकाश तिवारी और गोपालगंज से शशि शेखर सिन्हा को भाजपा के दबाव में नाम वापस लेना पड़ा। यह घटनाएं सामान्य नहीं हैं, खासकर जब प्रशांत किशोर ने भाजपा के शीर्ष नेताओं पर गंभीर आरोप लगाए हैं। या तो ऐसा ही हुआ है, या फिर उन्हें यह आभास हो गया है कि बिहार चुनाव में उनकी पार्टी का वजूद खतरे में है।

Related posts

पटना में युवक की हत्या से बवाल… 20 बाइकर्स ने पहले घेरा, फिर सिर-पीठ में मारी गोली

पटना में युवक की हत्या से हंगामा: 20 बाइकर्स ने घेरा और सिर-पीठ में गोली मारकर किया हमला

5 days ago
घंटी बजी तो बच्चों के बीच पहुंच गए DM सर… स्कूल में जमीन पर बैठकर खाया मिड-डे मील, फिर खुद धोई थाली

डीडीएम साहब ने घंटी बजते ही बच्चों के बीच पहुंचकर जमीन पर बैठकर खाया मिड-डे मील और खुद धोई थाली-देखें प्रेरणादायक वीडियो

5 days ago

क्या है जन सुराज का असली मकसद?

प्रशांत किशोर का यह बयान राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बन गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा डर गई है और उसने विपक्षी उम्मीदवारों के नाम वापस कर अपने प्रत्याशी को मजबूत करने का प्रयास किया है। दानापुर में मुतुर शाह को नामांकन नहीं भरने दिया गया, और ब्रह्मपुर में तिवारी ने कैंपेन किया, लेकिन बाद में नाम वापस ले लिया। गोपालगंज में सिन्हा ने स्वास्थ्य कारण बताकर नाम वापस किया, लेकिन किशोर का दावा है कि भाजपा के विधायक ने रात में दबाव डाला। किशोर का कहना है कि भाजपा जीत का भरोसा कर वोटों को प्रभावित कर रही है, जबकि लोकसभा में उनकी पार्टी का प्रदर्शन कमजोर रहा है।

प्रशांत किशोर का राजनीतिक सफर और वर्तमान स्थिति

प्रशांत किशोर का राजनीतिक करियर शुरू से ही विवादों से भरा रहा है। 2015 में महागठबंधन (जेडीयू-आरजेडी) की जीत में उनकी रणनीति ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। नीतीश कुमार और लालू प्रसाद यादव को सत्ता में लाने में उनका योगदान बड़ा था। लेकिन जब नीतीश ने भाजपा के साथ हाथ मिलाया, तो किशोर को पार्टी से बाहर कर दिया गया। 2022 में उन्होंने जन सुराज अभियान शुरू किया, जो बिहार के हर गांव तक पहुंचा। जून 2024 में इस अभियान को राजनीतिक पार्टी का रूप दिया गया, जिसका उद्देश्य भ्रष्टाचार, बेरोजगारी और पलायन के खिलाफ नई राजनीति खड़ी करना था।

आंतरिक कलह और चुनावी चुनौतियां

पार्टी बनते ही अंदरूनी विवाद शुरू हो गए। टिकट वितरण को लेकर आरोप लगे कि ‘कैश-फॉर-टिकट’ का खेल चल रहा है। अक्टूबर 2025 में पहली सूची जारी होने के बाद ही पार्टी के कई संस्थापक सदस्य विद्रोह पर उतर आए। एक पूर्व सदस्य ने कहा कि टिकट केवल उन्हीं को मिले जो लाखों रुपये दे सके। कार्यकर्ताओं ने भी विरोध जताया कि उन्होंने पदयात्रा में साथ दिया, लेकिन टिकट बाहरी उम्मीदवारों को मिला।

क्या है प्रशांत किशोर का चुनावी रणनीति?

प्रशांत किशोर ने आरोप लगाया कि भाजपा डर गई है और विपक्ष के उम्मीदवारों को नाम वापस कर अपने प्रत्याशी को मजबूत कर रही है। उन्होंने दावा किया कि भाजपा का मकसद जीत हासिल करना है, चाहे वोट किसी को भी जाए। हालांकि, उनके इस बयान को राजनीतिक विश्लेषक संदेह की नजर से देख रहे हैं। कुछ का मानना है कि यह उनके ध्यान आकर्षित करने का प्रयास है। वर्तमान में जन सुराज पार्टी की स्थिति कमजोर दिख रही है, और सर्वेक्षण भी इसे समर्थन नहीं दे रहे हैं।

क्या है प्रशांत किशोर का भविष्य?

प्रशांत किशोर का यह कदम उनके राजनीतिक भविष्य के लिए संकेतक हो सकता है। उन्होंने 2022 में बिहार में नई राजनीति का नारा दिया था, लेकिन अब चुनाव न लड़ने का फैसला उनके संगठन की कमजोरी को दर्शाता है। राघोपुर जैसी महत्वपूर्ण सीट से न उतरना उनके ‘गेम चेंजर’ दावे पर सवाल खड़ा करता है। पार्टी के संगठन और फंडिंग की कमी पहले से ही चुनौती थी। यदि वे राघोपुर से लड़ते, तो तेजस्वी यादव के खिलाफ मुकाबला मजबूत होता और पार्टी को नई ऊर्जा मिलती।

क्या यह रणनीति का हिस्सा है?

प्रशांत किशोर का चुनाव न लड़ने का निर्णय उनके संगठन की कमजोर स्थिति का संकेत हो सकता है। यह कदम उनके चुनावी अभियान को नुकसान पहुंचा सकता है। उनका इतिहास बताता है कि विक्टिम कार्ड का इस्तेमाल वह पहले भी कर चुके हैं, जैसे 2020 में नीतीश के साथ ब्रेकअप के बाद। अब बिहार विधानसभा चुनाव में उनकी भूमिका क्या होगी, यह देखने वाली बात है।

Previous Post

गोपालगंज में ट्रेन में बच्ची से छेड़छाड़ का वीडियो वायरल, गिरफ्तारी की मांग पर एसपी का जवाब

Next Post

व्हाइट हाउस के सुरक्षा गेट से टकराई कार, चालक गिरफ्तार और वायरल हुआ वीडियो | जानिए पूरी खबर

Next Post
व्हाइट हाउस के सुरक्षा गेट से टकराई कार, चालक गिरफ्तार, वीडियो हुआ वायरल!

व्हाइट हाउस के सुरक्षा गेट से टकराई कार, चालक गिरफ्तार और वायरल हुआ वीडियो | जानिए पूरी खबर

RECOMMENDED NEWS

ट्रंप-शी बैठक के बाद चीन पर 10% टैरिफ घटा, व्यापार युद्ध थमने की उम्मीद

ट्रंप-शी बैठक के बाद चीन पर 10% टैरिफ में कटौती, व्यापार युद्ध खत्म होने की उम्मीद बढ़ी

12 months ago
पार्किंग बना शहरों का नया सिरदर्द, इंदौर में गाड़ी खड़ी करने पर हुआ पथराव, एक गिरफ्तार

इंदौर में पार्किंग विवाद: गाड़ी खड़ी करने पर पथराव, शहर में बढ़ रहा पार्किंग का संकट और एक गिरफ्तारी

4 months ago
अमरीन-आफरीन का ‘ईरानी डेरा’ कनेक्शन आया सामने, पिता की मौत के बाद बनीं सेक्स रैकेट की सरगना

अमरीन-आफरीन का ईरानी डेरा कनेक्शन: पिता की मौत के बाद बनीं सेक्स रैकेट की सरगना

7 months ago
‘मैं टीबी पेशेंट, 40 मिनट की घटना को 4 मिनट में…’ नस्लीय कमेंट की आरोपी रूबी जैन ने गिरफ्तारी से पहले क्या कहा

टीबी मरीज रूबी जैन ने 40 मिनट की घटना को 4 मिनट में कैसे किया, गिरफ्तारी से पहले क्या कहा?

8 months ago

FOLLOW US

BROWSE BY CATEGORIES

  • उत्तर प्रदेश
  • उत्तराखंड
  • ओडिशा
  • खेल
  • गुजरात
  • छत्तीसगढ़
  • झारखंड
  • टेक्नोलॉजी
  • दिल्ली
  • धर्म
  • पंजाब
  • बिहार
  • भारत
  • मध्य प्रदेश
  • मनोरंजन
  • महाराष्ट्र
  • राजस्थान
  • विदेश
  • स्वास्थ्य
  • हरियाणा
  • हिमाचल प्रदेश

POPULAR NEWS

  • रोहन बोपन्ना ने 22 साल के शानदार करियर के बाद टेनिस को कहा अलविदा –

    रोहन बोपन्ना ने 22 साल के शानदार करियर के बाद टेनिस को अलविदा कहा: भारतीय टेनिस का महान युग समाप्त

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • अमेरिका के हार्वर्ड मेडिकल स्कूल में धमाका, कोई हताहत नहीं-जानिए पूरी खबर

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • ठाणे में महिला ने 10 साल की बेटी को 70 साल के NRI के पास भेजकर किया घिनौना कांड, जानिए पूरी कहानी

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • पटना में रात 11:10 बजे बाढ़ पहुंची पुलिस, 11:45 बजे कस्टडी और आधी रात को अनंत सिंह की गिरफ्तारी की पूरी कहानी

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • Vivo V60e 5G कीमत, तुलना: कैमरा, परफॉर्मेंस और कीमत में Vivo V50e 5G से कौन है बेहतर?

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
Lok Awaaz 24x7

लोक आवाज़ 24×7 भारत का विशेष न्यूज़ प्लेटफ़ॉर्म है, जो आपको देश-विदेश की सबसे तेज़ और सटीक खबरें 24 घंटे उपलब्ध कराता है। यहां आपको राजनीति, खेल, मनोरंजन, शिक्षा, रोजगार और ताज़ा घटनाओं से जुड़ी हर महत्वपूर्ण जानकारी तुरंत मिलती है।

सोशल चैनल्स

राज्य

  • पंजाब
  • दिल्ली
  • हरियाणा
  • उत्तराखंड
  • मध्य प्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • हिमाचल प्रदेश

विशेष

  • धर्म
  • खेल
  • भारत
  • विदेश
  • स्वास्थ्य
  • इकोनॉमी
  • मनोरंजन
  • टेक्नोलॉजी

ताज़ा खबरें

जंतर-मंतर को प्रोटेस्ट साइट से हटाने के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने जारी किया नोटिस

सुप्रीम कोर्ट ने जंतर-मंतर को प्रदर्शन स्थल से हटाने पर नोटिस जारी किया: जानिए पूरी खबर

15/10/2026
दिल्ली में पॉल्यूशन का सॉल्यूशन क्या? भूपेंद्र यादव ने बताया उपाय

दिल्ली में प्रदूषण का समाधान: भूपेंद्र यादव ने बताए प्रभावी उपाय

15/10/2026
आदिवासी छात्रों के ‘जय जोहार’ बोलते ही क्या हुआ? वीडियो वायरल, थाना प्रभारी पर गिरी गाज

आदिवासी छात्रों का ‘जय जोहार’ बोलते ही वायरल वीडियो में थाना प्रभारी पर गिरी कार्रवाई

14/10/2026
  • मुख्य पृष्ठ
  • संपर्क करें

© 2024-25 LokAwaaz24x7. All Rights Reserved.

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password?

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In
No Result
View All Result
  • भारत
    • उत्तर प्रदेश
    • गुजरात
    • उत्तराखंड
    • ओडिशा
    • छत्तीसगढ़
    • झारखंड
    • दिल्ली
    • पंजाब
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • विदेश
  • इकोनॉमी
  • खेल
  • टेक्नोलॉजी
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य

© 2024-25 LokAwaaz24x7. All Rights Reserved.