बिहार की शिक्षिका गुंजन कुमारी का विवाद सोशल मीडिया पर छाया
हाजीपुर (Bihar) की बीपीएससी शिक्षिका गुंजन कुमारी और उनके पति अमन के बीच चल रहा विवाद अब सोशल मीडिया पर चर्चा का मुख्य विषय बन चुका है। जमीन बेचकर अपनी पढ़ाई पूरी करने के दावे, सरकारी नौकरी मिलने के बाद रिश्तों में आई खटास, तलाक की कानूनी लड़ाई, कथित प्रेम प्रसंग के आरोप, वायरल वीडियो और बेटे के बयान ने इस मामले को और भी अधिक सुर्खियों में ला दिया है। गुंजन ने इस पूरे विवाद पर अपनी स्पष्ट प्रतिक्रिया दी है, जिससे मामला और भी जटिल हो गया है।
जमीन बेचने का दावा और गुंजन का जवाब
अमन का आरोप है कि उन्होंने अपनी पत्नी को शिक्षित करने और बेहतर भविष्य देने के लिए अपनी जमीन बेच दी। वहीं, गुंजन इस दावे को पूरी तरह भ्रामक बताती हैं। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि जिस जमीन का जिक्र किया जा रहा है, वह उनके पढ़ाई के लिए नहीं बेची गई थी। उनका कहना है कि जमीन तब बेची गई जब उनके पति का पैर टूट गया था और इलाज के लिए पैसे की जरूरत थी। गुंजन का यह भी तर्क है कि यदि किसी ने जमीन बेची भी, तो उसका सीधा संबंध उनकी पढ़ाई से नहीं है। उन्होंने सवाल किया कि क्या सिर्फ जमीन बेच देने से किसी को शिक्षक बना दिया जाता है? उन्होंने यह भी दावा किया कि उन्होंने खुद भी कड़ी मेहनत कर अपने करियर में सफलता हासिल की है।
सरकारी नौकरी मिलने के बाद क्या बदला?
अमन का आरोप है कि सरकारी नौकरी मिलने के बाद गुंजन का व्यवहार बदल गया। उनका कहना है कि प्रशिक्षण के दौरान गुंजन की मुलाकात अपने पुराने कॉलेज मित्र प्रेम प्रकाश से हुई, और दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ने लगीं। अमन का यह भी आरोप है कि इसके बाद गुंजन परिवार से दूर रहने लगीं और उनका अधिकतर समय कथित रूप से उसी व्यक्ति के साथ बीतने लगा। हालांकि, गुंजन इन आरोपों को सिरे से खारिज करती हैं। उनका कहना है कि अभी तक किसी ने भी उनके खिलाफ लगाए गए आरोपों का कोई ठोस सबूत नहीं प्रस्तुत किया है। यदि आरोप सही हैं, तो उन्हें सार्वजनिक किया जाना चाहिए।
आरोप और गुंजन का पलटवार
अमन का आरोप है कि उन्होंने अपनी पत्नी को एक व्यक्ति के साथ आपत्तिजनक स्थिति में देखा था। इसके विपरीत, गुंजन का कहना है कि यह केवल आरोप हैं। उनका सवाल है कि यदि ऐसा कुछ हुआ था, तो उसका प्रमाण कहां है? उन्होंने कहा कि केवल आरोपों के आधार पर किसी महिला की सामाजिक छवि को खराब नहीं किया जा सकता। गुंजन का यह भी कहना है कि सोशल मीडिया पर उन्हें खलनायिका की तरह दिखाया जा रहा है, जबकि मामला अभी अदालत में है।
तलाक का कारण और बेटा का बयान
अगर सब कुछ ठीक था, तो तलाक क्यों लिया गया, इस सवाल पर गुंजन का कहना है कि उन्होंने कोई अचानक फैसला नहीं लिया था। उन्होंने बताया कि तलाक की प्रक्रिया काफी पहले शुरू हो चुकी थी और इसके पीछे कई कारण थे, जिनकी जानकारी अदालत को दी जा चुकी है। उनका यह भी आरोप है कि यदि मामला इतना गंभीर था, तो उनके पति ने सोशल मीडिया पर आने से पहले अदालत में सारे तथ्य क्यों नहीं रखे। उनका कहना है कि जब कानूनी लड़ाई कमजोर पड़ने लगी, तो सोशल मीडिया का सहारा लिया गया।
बच्चे का बयान और नई बहस
इस विवाद में दोनों के बेटे का वीडियो भी सामने आया है। बच्चे ने दावा किया कि प्रेम प्रकाश नाम का व्यक्ति उनके घर आता था और वह खुद नीचे भेज दिए जाते थे, जबकि मां ऊपर चली जाती थीं। हालांकि, गुंजन का कहना है कि उनका बच्चा पिछले एक साल से उनके पास नहीं है। उनका आरोप है कि बच्चे को उनके खिलाफ बोलने के लिए प्रभावित किया जा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि यदि बच्चे कुछ दिनों उनके साथ रहते, तो तस्वीर अलग हो सकती थी।
क्या यह मामला बिहार का नया ज्योति मौर्य केस है?
सोशल मीडिया पर बहुत से लोग इस मामले की तुलना उत्तर प्रदेश की चर्चित SDM ज्योति मौर्य प्रकरण से कर रहे हैं। लेकिन गुंजन इस तुलना को गलत मानती हैं। उनका कहना है कि हर वैवाहिक विवाद की अपनी अलग परिस्थितियां होती हैं। बिना पूरे तथ्यों को जाने किसी महिला को पुराने विवाद से जोड़ना उचित नहीं है।
हाई-वोल्टेज ड्रामा और वायरल वीडियो
बताया जा रहा है कि पति-पत्नी और कथित प्रेमी के बीच हुए विवाद का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। इस वीडियो में पुलिस भी दिखाई दे रही है। बहस के दौरान एक पुलिसकर्मी द्वारा शिक्षिका को डांटते हुए कहा गया कि वह बुखार छुड़ा देंगे जैसी टिप्पणी भी कैमरे में कैद हुई है। यह वीडियो देखते ही देखते वायरल हो गया, जिसमें कई लोगों ने पुलिसकर्मी के व्यवहार पर सवाल उठाए, जबकि कुछ का मानना है कि स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने सख्त भाषा का प्रयोग किया।











