सिंगरौली में सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर निधि तिवारी की संदिग्ध मौत
सिंगरौली जिले में सोशल मीडिया प्रभावशाली व्यक्तित्व निधि तिवारी की मौत ने पूरे क्षेत्र में सनसनी फैला दी है। मोरवा थाना क्षेत्र के भूसा मोड़ पर रहने वाली निधि ने शनिवार रात फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना से पहले उसकी जिंदगी में सोनू सिंह नामक युवक की एंट्री हुई थी, जो अब पुलिस की जांच का मुख्य केंद्र बन चुका है। घटना के बाद से सोनू का मोबाइल बंद है और वह संदिग्ध रूप से गायब है।
परिवार और संदिग्ध आरोपी की स्थिति
निधि के पिता अशोक तिवारी मूल रूप से उत्तर प्रदेश के मैनपुरी जिले के निवासी हैं। वह सिंगरौली के हिंडालको पावर प्लांट में नौकरी करते थे। नौकरी के दौरान उन्होंने मोरवा के भूसा मोड़ में जमीन खरीदकर अपना घर बनाया। परिवार में उनकी पत्नी हेमलता तिवारी और तीन बेटियां थीं, जिनमें से निधि सबसे बड़ी थीं। निधि अविवाहित थी, जबकि उसकी छोटी बहन शीतल की शादी सिंगरौली निवासी नीलेश मिश्रा से हो चुकी है। पिता नौकरी से रिटायर होने के बाद अपने गृह जिले मैनपुरी चले गए हैं, और परिवार के बाकी सदस्य सिंगरौली में ही रह रहे हैं।
घटना का पूरा घटनाक्रम और पुलिस जांच
शनिवार रात करीब 8:20 बजे निधि की मां हेमलता को सोनू सिंह का फोन आया, जिसमें उसने बताया कि निधि ऊपर वाले कमरे में आत्महत्या करने जा रही है। इस खबर के बाद परिवार के सदस्य तुरंत ऊपर पहुंचे, लेकिन कमरे का दरवाजा बंद था। जब उन्होंने दरवाजा तोड़ा, तो निधि फांसी के फंदे पर लटकी मिली। उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस की जांच में पता चला है कि सोनू सिंह पंजाब का निवासी है और एनसीएल में काम करने वाली एक आउटसोर्सिंग कंपनी में इंजीनियर के पद पर तैनात था। उसकी तैनाती सिंगरौली और आसपास के इलाकों में थी, और इसी दौरान उसकी निधि से जान-पहचान हुई। सोशल मीडिया पर भी निधि काफी सक्रिय थी। घटना से पहले सोनू ने निधि की मां को फोन कर उसकी हालत के बारे में जानकारी दी थी।
मृत्यु के बाद से सोनू का मोबाइल बंद है और वह पुलिस की पकड़ से बाहर है। अभी यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि निधि ने आत्महत्या क्यों की और सोनू को घटना की जानकारी कैसे मिली। पुलिस इन सवालों के जवाब खोजने में लगी है, और उसकी तलाश जारी है। इस मामले में अभी भी कई अनसुलझे सवाल हैं, जिनके जवाब जांच के बाद ही सामने आएंगे।









