इंदौर में युवती की मौत का रहस्य खुलासा
मध्य प्रदेश के इंदौर शहर के खजराना क्षेत्र में एक ज्वलंत मामला सामने आया है, जिसमें एक युवती का अधजला शव मिला था। प्रारंभिक जांच में ऐसा प्रतीत हो रहा था कि कमरे में गैस रिसाव या आत्महत्या का प्रयास हुआ है। परंतु पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने इस धारणा को पूरी तरह से बदल दिया।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने खोल दी मौत का असली कारण
26 जुलाई को तपेश्वरी बाग कॉलोनी में किराए के मकान में रहने वाली बैंक कर्मचारी पलक काशिव का शव मिला था। उस समय यह मानना आसान था कि यह हादसा या आत्महत्या का मामला हो सकता है, क्योंकि कमरे का दृश्य बहुत ही भयावह था। लेकिन जब पोस्टमार्टम रिपोर्ट आई, तो पता चला कि पलक की मौत पहले ही गला दबाने से हो चुकी थी। आग लगाने का कदम बाद में उठाया गया था, जिससे मौत का कारण स्पष्ट हो गया।
पुलिस ने सीसीटीवी और सबूतों से किया खुलासा
जांच के दौरान खजराना थाना पुलिस ने फोरेंसिक विशेषज्ञों (FSI) की मदद से घटनास्थल से महत्वपूर्ण सबूत जुटाए। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच में एक अहम सुराग मिला, जिसमें एक युवक पेट्रोल का डिब्बा लेकर घटनास्थल की ओर बढ़ता दिखाई दे रहा था। इस फुटेज ने पुलिस की जांच को नई दिशा दी।
आरोपी की पहचान ग्वालियर जिले के डबरा निवासी मयंक शाक्य के रूप में हुई, जो पिछले पांच वर्षों से पलक का करीबी मित्र था। पूछताछ में उसने बताया कि दोनों के बीच शादी को लेकर विवाद चल रहा था। जब पलक ने शादी से इनकार कर दिया, तो गुस्से में आकर उसने कथित तौर पर उसका गला दबा दिया। फिर शव पर पेट्रोल डालकर आग लगा दी और कमरे का माहौल ऐसा बनाया कि यह मामला हादसे या आत्महत्या का रूप लेने लगा।
इंदौर पुलिस का मानना है कि आरोपी का मकसद सबूत मिटाना और जांच को भटकाना था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, एफएसएल जांच और सीसीटीवी फुटेज ने उसकी साजिश को उजागर कर दिया। पुलिस ने आरोपी मयंक को गिरफ्तार कर हत्या और साक्ष्य नष्ट करने के आरोप में मामला दर्ज किया है। फिलहाल उसकी पूछताछ जारी है, और यह भी जांच की जा रही है कि क्या इस घटना में किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका भी थी।









