दिल्ली और NCR में गर्मी का कहर, मौसम विभाग ने दी राहत की उम्मीद
वर्तमान में दिल्ली और उसके आसपास के क्षेत्र (NCR) में भीषण गर्मी का प्रकोप जारी है, जहां लोग उमस और तेज धूप से परेशान हैं। इस बीच भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने राहत भरी खबर देते हुए कहा है कि हल्की बारिश और गरज के साथ बूंदाबांदी की संभावना है। IMD ने इस स्थिति को ध्यान में रखते हुए येलो अलर्ट भी जारी किया है। हालांकि, अभी तक असली मॉनसून दिल्ली-NCR क्षेत्र से काफी दूर है।
मॉनसून कब पहुंचेगा दिल्ली-एनसीआर में?
IMD के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मॉनसून 4 जून 2026 को केरल (Kerala) में प्रवेश कर चुका है, लेकिन उत्तर भारत में इसकी पहुंच में अभी समय लगेगा। दिल्ली, नोएडा, गुरुग्राम, गाजियाबाद और फरीदाबाद जैसे शहरों में मॉनसून की शुरुआत संभवतः 25 से 30 जून के बीच हो सकती है। इस तरह, दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र को मॉनसून का इंतजार अभी लगभग 15 से 20 दिनों का हो सकता है।
मौसम का ताजा अपडेट और संभावित बारिश की संभावना
मौसम विभाग के अनुसार, इस बार मॉनसून सामान्य से कमजोर रहने की संभावना है। जून से सितंबर तक के पूरे सीजन में औसत से कम बारिश का अनुमान है। वर्तमान में दिल्ली के आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रह सकते हैं, और कुछ स्थानों पर हल्की बारिश या गरज-चमक के साथ बूंदाबांदी की संभावना है। साथ ही, हवाओं की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा तक हो सकती है।
तापमान की बात करें तो दिल्ली में दिन का तापमान 38 से 42 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है, जबकि न्यूनतम तापमान 29 से 30 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना है। उमस भरी गर्मी के बीच बारिश से थोड़ी राहत मिल सकती है। IMD ने दिल्ली-NCR के लिए येलो अलर्ट जारी किया है, जो इस प्री-मॉनसून गतिविधि का संकेत है। यह बारिश पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) और स्थानीय हवाओं के कारण हो रही है, लेकिन यह असली मॉनसून नहीं है।
मॉनसून में देरी के कारण और आगे की संभावना
वैज्ञानिकों का मानना है कि अल-नीनो (El Niño) जैसे मौसम पैटर्न के कारण इस वर्ष मॉनसून कमजोर रह सकता है। जून महीने में देश के कई हिस्सों में सामान्य से कम बारिश होने की संभावना है, जिससे उत्तर भारत में गर्मी लंबे समय तक बनी रह सकती है। इस स्थिति में, गर्मी और उमस से राहत पाने के लिए अभी कुछ और इंतजार करना पड़ेगा।










