दिल्ली में कारोबार को आसान बनाने के लिए नई विधेयक मंजूर
दिल्ली सरकार ने व्यवसाय संचालन को सरल बनाने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। मुख्यमंत्री कार्यालय से प्राप्त जानकारी के अनुसार, मंगलवार को मुख्यमंत्री गुप्ता की अध्यक्षता में हुई बैठक में दिल्ली कैबिनेट ने ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस’ बिल को मंजूरी दी है। अब इस बिल को अंतिम रूप देने और कानून बनाने के लिए केंद्र सरकार के पास भेजा जाएगा। यह कदम व्यापारियों और उद्यमियों के लिए प्रक्रियाओं को अधिक पारदर्शी और त्वरित बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास है।
सरकार का उद्देश्य स्वीकृतियों में आसानी और प्रक्रिया में स्पष्टता
मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार का लक्ष्य ऐसी व्यवस्था बनाना है जिसमें स्वीकृतियों का प्राप्त करना आसान हो, प्रक्रियाएं स्पष्ट हों, निर्णय समय सीमा के भीतर लिए जाएं और अनावश्यक अनुपालन के बोझ को समाप्त किया जाए। इस प्रक्रिया के तहत आवेदन से लेकर अंतिम स्वीकृति तक का कार्यभार दिल्ली राज्य औद्योगिक एवं बुनियादी ढांचा विकास निगम (DSIIDC) को सौंपा गया है, जो इस प्रक्रिया का नोडल एजेंसी होगी। इससे व्यवसायियों को समय पर अनुमति मिल सकेगी और उनका व्यवसायिक कार्य सुगमता से संचालित हो सकेगा।
विकास मानदंडों में ढील और स्व-प्रमाणन प्रणाली का प्रस्ताव
विधेयक में औद्योगिक विस्तार को प्रोत्साहित करने के लिए कई नियमों में ढील देने का प्रस्ताव है। इसमें अधिसूचित औद्योगिक क्षेत्रों में फ्लोर एरिया रेशियो (FAR), ग्राउंड कवरेज, सेटबैक और इमारत की ऊंचाई से संबंधित प्रतिबंधों को हटाया जाएगा। साथ ही, कम जोखिम वाली गतिविधियों के लिए स्व-प्रमाणन प्रणाली शुरू की जाएगी, जिसमें अग्निशमन सुरक्षा, बिल्डिंग प्लान मंजूरी, प्रदूषण संबंधी अनुमतियां और बिजली कनेक्शनों जैसी प्रक्रियाएं स्व-घोषणा के आधार पर पूरी की जाएंगी। इससे छोटे और कम जोखिम वाले उद्यम बिना किसी देरी के अपने संचालन शुरू कर सकेंगे, जो व्यवसायिक माहौल को और अधिक अनुकूल बनाएगा।











