दिल्ली में यमुना पुनर्जीवन के लिए नई परियोजनाएं मंजूर
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने रविवार को ‘मिशन यमुना’ के तहत 1000 करोड़ रुपये से अधिक की महत्वपूर्ण योजनाओं को स्वीकृति दी। इस वित्तीय सहायता का उपयोग नजफगढ़ ड्रेन की सफाई, सीवेज ट्रीटमेंट सिस्टम के उन्नयन और दिल्ली में आधुनिक जल प्रबंधन प्रणाली के विकास में किया जाएगा। मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) के अनुसार, इन प्रयासों का मुख्य उद्देश्य यमुना नदी को पुनः जीवंत बनाना है।
प्रदूषण नियंत्रण के लिए नई तकनीकों का निरीक्षण
शनिवार को मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कैबिनेट मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा और विधायक हरीश खुराना के साथ प्रदूषण नियंत्रण अभियान के तहत ‘मेड इन इंडिया’ एयर प्यूरीफिकेशन तकनीकों का निरीक्षण किया। इस दौरान STR 101 Filterless एयर प्यूरिफायर सिस्टम का भी जायजा लिया गया, जिसे सतगुरु राम सिंह मार्ग पर 21 यूनिट्स में स्थापित किया गया है। यह अत्याधुनिक सेल्फ-क्लीनिंग सिस्टम हर घंटे लगभग 3 लाख लीटर हवा को शुद्ध करता है और धुआं, धूल, PM2.5, PM10 जैसे हानिकारक प्रदूषकों को नियंत्रित करता है।
स्मॉग नियंत्रण के लिए अत्याधुनिक उपकरणों का परीक्षण
अधिकारियों ने देश के पहले जीरो-एमिशन मूविंग एंटी-स्मॉग सिस्टम EV-mounted Anti-Smog Gun का भी निरीक्षण किया, जिसे कीर्ति नगर और मयापुरी जैसे व्यस्त इलाकों में तैनात किया गया है। यह प्रणाली सड़क की धूल और वाहनों से निकलने वाले प्रदूषण को कम करने में मददगार साबित होगी। साथ ही, टीम ने कीर्ति नगर फायर स्टेशन के पास स्थापित PAWAN III प्रदूषण नियंत्रण उपकरण का भी मूल्यांकन किया, जो वाहनों से निकलने वाले जहरीले प्रदूषण को स्रोत स्तर पर ही नियंत्रित करता है।










