पटना की महिला उद्यमी की प्रेरणादायक सफलता कहानी
बिहार की राजधानी पटना से एक ऐसी महिला की कहानी सामने आई है जिसने अपने छोटे से शुरुआत से लेकर करोड़ों रुपये के व्यवसाय का निर्माण किया है। यह कहानी है देवनी देवी की, जिन्होंने मेहनत और लगन के साथ अपने व्यवसाय को एक पहचान दी है। आज वे एक सफल उद्यमी के रूप में जानी जाती हैं, लेकिन उनकी शुरुआत बहुत साधारण थी। लगभग 23 वर्ष पहले, उन्होंने मात्र 20 रुपये में टिफिन सेवा शुरू की थी। उस समय उन्हें नहीं पता था कि यह छोटा सा काम उन्हें इतनी ऊंचाइयों तक ले जाएगा।
सामान्य परिवार से उठकर सफलता की ओर कदम
देवनी देवी बताती हैं कि उनके परिवार में अधिकतर सदस्य सरकारी नौकरी में थे। वह खुद ज्यादा शिक्षित नहीं थीं, इसलिए उन्हें नौकरी पाने का अवसर नहीं मिल पाया। फिर भी, वह कुछ स्वावलंबी करने का मन बनाकर घर में अपने बच्चों के लिए खाना बनाते-बनाते विचार किया कि क्यों न दूसरों के लिए भी टिफिन सेवा शुरू की जाए। इसी सोच के साथ उन्होंने कुछ लड़कों के लिए टिफिन बनाना शुरू किया। धीरे-धीरे उनके खाने की प्रशंसा होने लगी और ग्राहक संख्या भी बढ़ने लगी।
संकटों का सामना कर फिर से खड़ा हुआ व्यवसाय
समय के साथ उनका काम तेजी से बढ़ा और वह सैकड़ों लोगों तक टिफिन पहुंचाने लगीं। लेकिन यह सफर आसान नहीं था। देवनी देवी ने बताया कि कई बार उनके काम को बाधाओं का सामना करना पड़ा। चार बार उनका व्यवसाय पूरी तरह से बंद हो गया, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी और फिर से शुरुआत की। सबसे बड़ी चुनौती आई 2020 में जब कोरोना महामारी के कारण उनका व्यवसाय पूरी तरह से ठप हो गया। लगभग तीन साल तक उनका कारोबार बंद रहा। इस कठिन समय में भी उन्होंने उम्मीद नहीं छोड़ी।
साल 2023 में उन्होंने एक नई शुरुआत की और क्लाउड किचन (Cloud Kitchen) की स्थापना की। शुरुआत में स्थिति बहुत कठिन थी, डेढ़ से दो महीने तक उन्हें एक भी ऑर्डर नहीं मिला। बावजूद इसके, उन्होंने धैर्य बनाए रखा और लगातार प्रयास जारी रखा। अंततः उनका इंतजार खत्म हुआ और उन्हें पहला ऑर्डर मिला। उन्होंने पूरे मन से खाना तैयार कर ग्राहक तक पहुंचाया। धीरे-धीरे ऑर्डर बढ़ने लगे और उनका व्यवसाय फिर से पटरी पर आ गया।
कोरोना के दौरान ठप पड़े व्यवसाय के बाद, उनके घर के बाहर जोमैटो (Zomato) और स्विग्गी (Swiggy) के डिलीवरी ब्वॉय की लाइन लगने लगी। इससे आसपास के लोगों को परेशानी होने लगी और कई बार विवाद भी हुए। लोगों ने पूछा कि आखिर वह ऐसा क्या काम करती हैं कि इतनी भीड़ लगती है। इन परिस्थितियों को देखते हुए, देवनी देवी ने एक अलग जगह की तलाश की और अपने रेस्टोरेंट का नाम अम्मा किचन (Amma Kitchen) रखा। यह कदम उनके लिए बहुत महत्वपूर्ण साबित हुआ। आज उनके रेस्टोरेंट से रोजाना करीब 350 से अधिक ऑर्डर भेजे जाते हैं। उनके व्यवसाय की सफलता इतनी बढ़ गई है कि उनकी सालाना आय डेढ़ से दो करोड़ रुपये के बीच पहुंच गई है।
देवनी देवी के साथ अब 25 से 30 कर्मचारी काम कर रहे हैं, जिनमें पांच महिलाएं भी शामिल हैं। वह अपने कर्मचारियों को परिवार की तरह मानती हैं और सभी मिलकर अपने व्यवसाय को आगे बढ़ा रहे हैं।











