भोजपुर पुलिस का एनकाउंटर पर विस्तृत स्पष्टीकरण
भोजपुर पुलिस ने भारत भूषण तिवारी के एनकाउंटर मामले में उठे सवालों के जवाब में अपना विस्तृत बयान जारी किया है। पुलिस का दावा है कि यह कार्रवाई उस समय की गई जब आरोपी ने पुलिस टीम पर हमला किया और लगातार फायरिंग करता रहा। 17 जून को मिली सूचना के आधार पर पुलिस और एसटीएफ की टीम मौके पर पहुंची थी, जहां आरोपी शहपुर के बिलौती गांव का निवासी था।
पुलिस का दावा और कार्रवाई का कारण
पुलिस ने बताया कि टीम ने आरोपी को कई बार आत्मसमर्पण करने का आग्रह किया, लेकिन उसने इन बातों को नहीं माना और फायरिंग जारी रखी। इससे पुलिसकर्मी और स्थानीय लोग खतरे में आ गए। एसटीएफ के जवान बुलेटप्रूफ जैकेट पहनकर स्थिति को नियंत्रित करने के लिए आगे बढ़े। जैसे ही टीम आरोपी के पास पहुंची, उसने फिर से गोली चलाई। जवाबी कार्रवाई में आरोपी के पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे तुरंत पटना के पीएमसीएच अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गई।
प्रमुख सबूत और जांच प्रक्रिया
पुलिस ने घटनास्थल से एक पिस्तौल, दो जिंदा कारतूस, एक मैगजीन और दो खाली खोखे बरामद किए हैं। इस घटना के बाद सवाल उठने लगे हैं और पुलिस की कार्रवाई पर बहस शुरू हो गई है। पुलिस का कहना है कि यह फायरिंग आत्मरक्षा और जनता की सुरक्षा के लिए आवश्यक थी। फिलहाल, पूरे मामले की जांच चल रही है, जिसमें घटनास्थल से मिले सबूतों की भी समीक्षा की जा रही है। अधिकारियों का मानना है कि सभी पहलुओं का विश्लेषण करने के बाद ही आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।









