मोंथा तूफान का प्रभाव बिहार में जारी
मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि भले ही मोंथा तूफान कमजोर पड़ चुका हो, लेकिन इसका असर बिहार में अभी भी महसूस किया जा रहा है। आगामी तीन दिनों तक राज्य के कई इलाकों में मौसम खराब रहने की संभावना है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने 31 अक्टूबर से 2 नवंबर तक कुछ जिलों में आंधी-तूफान के साथ भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है।
बिहार में मौसम का बदला रूप और भारी बारिश का खतरा
ठंड की शुरुआत के साथ ही बिहार के अधिकतर हिस्सों में मौसम ने अपना रंग बदल लिया है। आसमान पर बादल छाए हुए हैं और तेज हवाओं के साथ तापमान में गिरावट देखी जा रही है। मौसम विभाग ने बताया है कि बंगाल की खाड़ी में उठे चक्रवाती तूफान मोंथा के प्रभाव से दक्षिण बिहार, उत्तर बिहार और सीमांचल के कुछ जिलों में नवंबर के शुरुआती दिनों तक भारी से बहुत भारी बारिश की आशंका है।
प्रभावित जिले और सतर्कता के निर्देश
मौसम विभाग के अनुसार पूर्वी चंपारण, सीतामढ़ी, शिवहर, मधुबनी, सुपौल, अररिया और किशनगंज जैसे जिलों में कहीं-कहीं बहुत भारी बारिश हो सकती है। इससे सड़कों पर पानी भरने, घरों में पानी घुसने और फसलों को नुकसान पहुंचने का खतरा है। ऐसे में स्थानीय लोगों को घर से बाहर निकलते समय विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। इसके अलावा पूर्णिया, मधेपुरा, सहरसा, खगड़िया, मुजफ्फरपुर, दरभंगा, गया, नवादा, लखीसराय, शेखपुरा, नालंदा, जमुई, समस्तीपुर, सारण, सिवान और वैशाली जैसे जिलों में भी भारी बारिश की संभावना है।
आगामी दिनों में मौसम का पूर्वानुमान और राहत की उम्मीद
स्काईमेट वेदर के अनुसार, मोंथा तूफान का शेष निम्न दबाव क्षेत्र (Remnant Low Pressure) बिहार, झारखंड और उत्तर बंगाल के क्षेत्रों तक पहुंचेगा। यह सिस्टम 31 अक्टूबर को सक्रिय रहेगा और 1 नवंबर तक इसका प्रभाव बना रहेगा। अगले दो दिनों में उत्तर छत्तीसगढ़, पूर्वोत्तर मध्य प्रदेश, बिहार और पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में गरज के साथ भारी बारिश होने की संभावना है। वहीं, 3 नवंबर से मौसम साफ होने लगेगा और बारिश की गतिविधियां कम हो जाएंगी।











