सीजेपी नेताओं की गिरफ्तारी और दिल्ली में राजनीतिक तनाव
मैं उसी विमान में सवार था जिसमें सीजेपी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दिपके, सौरव दास और आशुतोष रांका मुंबई से दिल्ली की यात्रा कर रहे थे। हम AI 2428 फ्लाइट में थे, जो शुक्रवार से ही मीडिया में चर्चा का विषय बनी हुई थी कि ये नेता दिल्ली कब और कैसे पहुंचेंगे।
सुबह करीब 6.50 बजे दिपके वर्ली (Mumbai) के फोर सीजन्स होटल से निकलकर मुंबई हवाई अड्डे के लिए रवाना हुए। हवाई अड्डे पर उन्होंने कहा कि दिल्ली में कई ट्रेनों को रद्द करने और अभूतपूर्व बंद के बीच सरकार भयभीत है। बोर्डिंग गेट पर सबसे पहले दिपके पहुंचे, जहां उन्होंने रांका और दास के आने का इंतजार किया। दिपके को चिंता थी कि कहीं उनकी वजह से फ्लाइट न छूट जाए।
हवाई यात्रा के दौरान नेताओं की गिरफ्तारी और प्रतिक्रिया
जैसे ही वे विमान की ओर बढ़ रहे थे, उनका इंटरव्यू लिया जा रहा था। यह यात्रा लंबी थी क्योंकि उन्हें T2 से T1 ले जाया जा रहा था। दिपके ने अपने इंटरव्यू में कहा कि सरकार डर गई है और चुनाव आयोग (CEC) के ज्ञानेश कुमार को बचाने के लिए गिरफ्तारियां की जा रही हैं। उन्होंने कहा, “आप पूरी दिल्ली बंद कर सकते हैं, लेकिन हम जरूर आएंगे।” फ्लाइट में दिपके और उनके साथी इकॉनमी क्लास की पहली लाइन में बैठे थे। जैसे ही विमान उतरा, मैं उनके पास गया। उन्हें नहीं पता था कि आगे क्या होने वाला है। दिपके ने मुझसे कहा, “सबको अंदर कर दिया। हमें भी अंदर कर देंगे।” जैसे ही मैं अपनी सीट पर लौटा, केबिन क्रू ने यात्रियों से अपनी सीट पर बैठने को कहा। कुछ ही देर में पुलिस की टीम विमान में आई, जिसमें महिला पुलिसकर्मी भी थीं। दिपके ने उन्हें देखते ही लाइव वीडियो शुरू कर दिया।
पुलिस ने पहले रांका, फिर दास और खिड़की के पास बैठे दिपके को हिरासत में ले लिया। उन्होंने ‘भारत माता की जय’ के नारे लगाए। यात्रियों की प्रतिक्रियाएं मिश्रित थीं-कुछ उनके समर्थन में थे, तो कुछ उनके खिलाफ। मीडिया से नाराज एक बुजुर्ग ने कहा कि यदि दिपके को उनके माता-पिता ने दो थप्पड़ मारे होते, तो यह स्थिति नहीं बनती।
राजनीतिक दल का बयान और हिरासत की निंदा
हिरासत के बाद कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने बयान जारी किया। इस वीडियो में दिपके को विमान में पुलिस अधिकारियों से कहते सुना जा सकता है, “हम गिरफ्तारी के लिए ही यहां आए हैं, आइए और हमें गिरफ्तार कर लीजिए।” पुलिसकर्मियों ने उन्हें बताया कि जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन की अनुमति नहीं है। दिपके ने कहा कि उन्हें ऐसे हिरासत में लिया जा रहा है जैसे वे अपराधी हों।
सीजेपी ने इस कथित हिरासत की निंदा की और कहा कि यह उनके नेताओं को विरोध प्रदर्शन स्थल तक पहुंचने से रोकने की साजिश थी। उन्होंने इस कार्रवाई को आवाजाही की स्वतंत्रता का उल्लंघन बताया और नेताओं की तुरंत और बिना शर्त रिहाई की मांग की।









