निधि तिवारी की संदिग्ध आत्महत्या का रहस्य गहरा होता जा रहा है
सोशल मीडिया पर अपनी पहचान बनाने वाली निधि तिवारी की आत्महत्या के मामले में नई जानकारियां सामने आ रही हैं, जो इस रहस्य को और भी पेचीदा बना रही हैं। जांच एजेंसियों ने इस मामले में एक महत्वपूर्ण सुराग पाया है, जो एनसीएल (NCL) में कार्यरत एक आउटसोर्सिंग कंपनी के इंजीनियर सोनू सिंह से जुड़ा है। बताया जा रहा है कि सोनू सिंह ही वह व्यक्ति था जिसने निधि से अंतिम बार बातचीत की थी। बाद में उसने ही निधि की मां को फोन कर घटना की जानकारी दी। घटना के बाद सोनू का मोबाइल स्विच ऑफ हो जाना और उसकी अचानक गायब हो जाना इस मामले को और भी जटिल बना रहा है। सवाल यह उठता है कि घटना से पहले निधि और सोनू के बीच क्या बातचीत हुई थी, और क्या कोई संकेत था जो इस दुखद घटना को जन्म देने में मदद कर सकता है।
मामले की जांच में सोनू सिंह का संदिग्ध भूमिका
निधि तिवारी की मौत के पीछे कई अनसुलझे सवाल हैं, जिनके जवाब अभी भी तलाशे जा रहे हैं। पुलिस इस मामले की गहराई से जांच कर रही है, जिसमें सोनू सिंह से जुड़ी जानकारी भी शामिल है। सोनू सिंह मूल रूप से पंजाब का निवासी है और एनसीएल (NCL) में कार्यरत एक आउटसोर्सिंग कंपनी में इंजीनियर के पद पर तैनात है। उसकी नौकरी के कारण वह सिंगरौली (Singrauli) और आसपास के इलाकों में अक्सर आता-जाता रहता था। इसी दौरान उसकी निधि तिवारी से पहचान हुई और धीरे-धीरे दोनों के बीच बातचीत शुरू हो गई। सोशल मीडिया पर निधि काफी सक्रिय थीं और उनके लाखों फॉलोअर्स थे, जिससे उनकी लोकप्रियता भी बढ़ी।
घटना का दिन और अंतिम बातचीत का रहस्य
शनिवार रात लगभग 8:20 बजे निधि की मां हेमलता तिवारी को सोनू सिंह का फोन आया, जिसमें उसे बताया गया कि निधि ऊपर वाले कमरे में आत्महत्या करने जा रही हैं। जैसे ही परिवार को इस खबर का पता चला, घर में हड़कंप मच गया। तुरंत ही परिवार के सदस्य ऊपर की मंजिल पर पहुंचे, लेकिन कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था। परिजनों ने तुरंत ही रिश्तेदारों को बुलाया और फिर दरवाजा तोड़कर अंदर दाखिल हुए। निधि को गंभीर हालत में पाया गया, जिसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस घटना ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं, जैसे कि सोनू सिंह को निधि की स्थिति का कैसे पता चला, उसने क्यों फोन किया, और उसके बाद संपर्क क्यों टूट गया।









