खरगोन में नर्सिंग छात्रों का गुस्सा फूटा
मध्य प्रदेश के खरगोन जिले में नर्सिंग कॉलेज के सैकड़ों छात्र-छात्राओं का गुस्सा शुक्रवार को उभर कर सामने आया। छात्रों ने लंबित परीक्षाओं को जल्द कराने और डिग्री पूरी करने की अपनी मुख्य मांग को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन के दौरान छात्र करीब दो किलोमीटर की रैली निकालकर सांसद कार्यालय पहुंचे।
प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने बैरिकेडिंग तोड़ दी और पुलिस के साथ धक्का-मुक्की करते हुए सीधे सांसद कार्यालय पहुंच गए। यहां उन्होंने अपने मुद्दों को लेकर धरना शुरू कर दिया। यह प्रदर्शन पिछले छह दिनों से जारी है, जिसमें बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं शामिल हैं।
छात्रों का प्रदर्शन और सांसद से मुलाकात की उम्मीद
छात्रों का आरोप है कि वे बीते कई दिनों से अपने अधिकारों के लिए संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन उनकी समस्याओं का समाधान नहीं हो रहा है। शुक्रवार को बिस्टान रोड से हाथों में बैनर और तख्तियां लेकर निकले छात्रों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। उनका कहना है कि नर्सिंग की चार साल की डिग्री छह साल बीत जाने के बाद भी पूरी नहीं हो सकी है। परीक्षाओं में देरी के कारण उनका भविष्य अधर में है।
छात्रों का प्रयास था कि वे सांसद गजेंद्र सिंह पटेल से मिलें, लेकिन पुलिस ने बैरिकेडिंग कर रखी थी। छात्रों ने बैरिकेड्स तोड़कर आगे बढ़ने का प्रयास किया, जिसके बाद पुलिस के जवानों के साथ उनकी धक्का-मुक्की भी हुई। अंततः वे सांसद कार्यालय के बाहर पहुंच गए और वहीं धरने पर बैठ गए। इस दौरान कोतवाली थाना प्रभारी और बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा।
मांगों को लेकर छात्रों का आक्रोश और प्रदर्शन का अंत
छात्रों का कहना है कि गुरुवार को सांसद गजेंद्र सिंह पटेल खरगोन में मौजूद थे, लेकिन उन्होंने छात्रों से मुलाकात नहीं की। छात्रों का आरोप है कि वे लंबे समय से अपनी समस्याओं को लेकर आंदोलन कर रहे हैं, लेकिन अभी तक उनकी मांगों का समाधान नहीं हुआ है।
करीब एक घंटे तक सांसद कार्यालय के बाहर धरना चलता रहा। अंत में छात्रों ने अपने प्रतिनिधि के माध्यम से सांसद के पीए को अपना ज्ञापन सौंपा और प्रदर्शन समाप्त कर दिया। छात्रों की मुख्य मांगें हैं कि लंबित परीक्षाएं जल्द कराई जाएं और नर्सिंग की डिग्री पूरी कराई जाए। उनका कहना है कि इन देरी के कारण उनका समय और करियर दोनों प्रभावित हो रहे हैं।










