ग्वालियर में ब्लैंकेट डिलीवरी बॉय की हत्या पर भारी गुस्सा
मध्य प्रदेश के ग्वालियर शहर में 28 वर्षीय डिलीवरी कर्मचारी विवेक मीणा की गोली मारकर हत्या के बाद शुक्रवार को परिजनों और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं का गुस्सा सड़कों पर फूट पड़ा। बहोड़ापुर थाना क्षेत्र के आनंद नगर चौराहे पर हुई इस घटना के लगभग 12 घंटे बीत जाने के बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी न होने से नाराज भीड़ ने सड़क जाम कर दिया। इस प्रदर्शन के दौरान जब स्थिति तनावपूर्ण हो गई, तो पुलिस ने हल्के बल का प्रयोग कर भीड़ को हटाया।
सीसीटीवी फुटेज से आरोपियों की हुई पहचान
पुलिस ने घटना के बाद आसपास लगे सात सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच की। इन फुटेज के आधार पर तीन मुख्य आरोपियों की पहचान लाल अग्रवाल, राहुल गट्टा और सौरभ यादव के रूप में हुई है। पुलिस का कहना है कि ये तीनों आरोपी घटना के बाद से फरार हैं और उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें लगातार प्रयास कर रही हैं।
हत्या का घटनाक्रम और पुलिस की कार्रवाई
यह घटना गुरुवार शाम करीब 7 से 7.30 बजे के बीच की है, जब बाइक सवार तीन बदमाशों ने आनंद नगर चौराहे पर विवेक मीणा के सिर में गोली मार दी। गोली लगते ही उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के दौरान तीनों आरोपी बाइक से आए थे और तुरंत ही फरार हो गए। अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि गोली किसने चलाई थी। पुलिस ने तीनों का नामजद मामला दर्ज कर लिया है और उनकी तलाश शुरू कर दी है।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, इन आरोपियों पर पहले भी कई गंभीर अपराधों के मामले दर्ज हैं। हत्या के बाद से ही परिजनों और उनके साथियों में गहरा गुस्सा व्याप्त है। मृतक विवेक के परिवार ने आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग को लेकर थाने के सामने प्रदर्शन किया और सड़क जाम कर दिया। पुलिस ने आश्वासन दिया कि 12 घंटे के भीतर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा, लेकिन जब ऐसा नहीं हुआ, तो शुक्रवार को फिर से प्रदर्शन शुरू हो गया।
पुलिस मौके पर पहुंची और प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए हल्का बल प्रयोग भी किया गया। इस दौरान मृतक विवेक का बड़ा भाई चेतन मीणा, जो बजरंग दल में सह-मंत्री हैं, ने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग दोहराई। पुलिस ने आरोपियों की पहचान कर ली है और गिरफ्तारी के लिए टीमें लगा दी हैं। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है, और पुलिस अब फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है।









