दमोह में तेज रफ्तार बाइक दुर्घटना से तीन युवकों की मौत
मध्य प्रदेश के दमोह जिले में प्रशासन की अनदेखी और तेज गति से चल रही बाइक ने तीन युवकों की जान ले ली। ये युवक रात के समय एक शादी समारोह में भाग लेने जा रहे थे, तभी यह दुखद घटना हुई। रास्ते में एक पुल था, जो पिछले वर्ष हुई भारी बारिश के कारण क्षतिग्रस्त हो चुका था। इस टूटे हुए पुल से टकराकर तीनों युवकों की दर्दनाक मौत हो गई। इस हादसे में प्रशासन की लापरवाही भी उजागर हुई है, क्योंकि उस समय पुल पर कोई बैरिकेडिंग या चेतावनी संकेतक नहीं लगाए गए थे। इसके कारण युवक बिना किसी रोक-टोक के पुल के मुहाने तक पहुंच गए और दुर्घटना का शिकार हो गए।
रात के अंधेरे में पुल की स्थिति और हादसे का कारण
यह घटना शुक्रवार की रात की है, जब रहली विधानसभा क्षेत्र के तीन युवक बाइक से तेंदूखेड़ा से झापन की ओर एक शादी समारोह में जा रहे थे। उस सड़क पर ब्यारमा नदी पर बना पुल पिछले साल भारी बारिश के दौरान बह गया था और पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया। अंधकार में बाइक सवार युवकों को इसकी जानकारी नहीं हो सकी, और वे सीधे टूटे हुए पुल से टकरा गए। हादसे के समय उनकी बाइक इतनी तेज रफ्तार में थी कि वह पुल के टूटे हिस्से में घुस गई, जिससे तीनों की मौके पर ही मौत हो गई।
प्रशासन की लापरवाही और हादसे की जड़ें
इस दुर्घटना में एक बार फिर प्रशासन की उदासीनता सामने आई है। बताया जाता है कि ब्यारमा नदी पर बना यह पुल पिछले वर्ष तेज बारिश के कारण बह गया था, लेकिन उस समय भी यहां कोई बैरिकेडिंग या चेतावनी संकेतक नहीं लगाए गए थे। यदि प्रशासन ने इस मार्ग को बंद कर दिया होता या चेतावनी बोर्ड लगाए होते, तो शायद यह हादसा टल सकता था। रात के अंधकार में तेज रफ्तार से आ रहे युवक बिना किसी रोक-टोक के पुल के पास पहुंच गए और टकराकर अपनी जान गंवा बैठे। इस घटना ने प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है।









