गुरुग्राम में गोलीबारी से सनसनी, जेल से पैरोल पर घर लौट रहा था सुंदर फौजी
हरियाणा के गुरुग्राम के कासन क्षेत्र में गुरुवार सुबह अचानक ही हड़कंप मच गया जब भीड़भाड़ वाले बाजार में गोलियों की आवाजें गूंजने लगीं। इस गोलीबारी में एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर गिर पड़ा। यह शख्स 55 वर्षीय सुंदर फौजी था, जो मर्डर केस में उम्रकैद की सजा काट रहा था और हाल ही में पैरोल पर घर लौटा था। दुर्भाग्यवश, उसकी किस्मत ने उसे बीच बाजार ही मौत के घाट उतार दिया। यह हत्या पिता की हत्या की रंजिश में बटे (Bate) नामक व्यक्ति द्वारा की गई थी।
घटना का विवरण और संदिग्धों का आरोप
प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह घटना सुबह करीब 6 से 7 बजे के बीच हुई। सुंदर फौजी रोजाना की तरह सुबह वॉक पर निकला था। जैसे ही वह मोनी बाबा चबूतरे के पास पहुंचा, तभी घात लगाए बैठे हमलावरों ने उस पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। चश्मदीदों के अनुसार, हमलावरों ने कई गोलियां चलाईं, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई। मृतक की पत्नी ने आरोप लगाया है कि इस हत्याकांड में पूर्व सरपंच बहादुर का बेटा और उसका एक साथी शामिल हैं। घटना के बाद दोनों आरोपी मौके से फरार हो गए। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
पुलिस की जांच और पुरानी रंजिश का संकेत
पुलिस की प्रारंभिक जांच में पता चला है कि सुंदर फौजी 2018 में हुई बहादुर की हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा भुगत रहा था। दोनों पहले मित्र थे और सेना में रहते हुए एनएसजी (NSG) कमांडो भी रह चुके थे। बताया जाता है कि पैसों के लेनदेन को लेकर दोनों के बीच विवाद हुआ, जिसके बाद सुंदर ने बहादुर की हत्या कर दी थी। हाल ही में 20 अप्रैल को उसकी बेटी की शादी थी, जिसके कारण वह पैरोल पर जेल से बाहर आया था। परिवार अभी शादी की खुशियों से उबर भी नहीं पाया था कि यह घटना सब कुछ बदल कर रख दी। पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर लिया है और आरोपियों की तलाश के लिए कई टीमें गठित की हैं। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। अधिकारियों का मानना है कि पुरानी रंजिश इस हत्या की मुख्य वजह हो सकती है, लेकिन हर पहलू से जांच जारी है।











