दिल्ली में वायु गुणवत्ता का गंभीर संकट जारी
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में वायु प्रदूषण का स्तर लगातार बढ़ रहा है, जिससे एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) बहुत खराब श्रेणी में पहुंच गया है। हाल ही में दिल्ली का औसत AQI 349 दर्ज किया गया है, जो स्वास्थ्य के लिए खतरनाक माना जाता है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के अनुसार, कई मॉनिटरिंग स्टेशनों पर AQI गंभीर स्तर को पार कर चुका है। सर्दियों के मौसम में तापमान में गिरावट के कारण प्रदूषक हवा में फंस गए हैं, जिससे वायु गुणवत्ता और भी खराब हो रही है।
सर्दियों में प्रदूषण का स्तर तेजी से बढ़ रहा है
जैसे ही दिल्ली में सर्दी का प्रभाव बढ़ता है, हवा में जहरीले तत्वों की मात्रा में वृद्धि हो रही है। गुरुवार सुबह दिल्ली का औसत AQI 349 रहा, जो ‘बहुत खराब’ श्रेणी में आता है। वायु गुणवत्ता सूचकांक के अनुसार कई इलाकों में AQI 400 के पार पहुंच गया है, जो गंभीर स्थिति को दर्शाता है। वजीरपुर सबसे अधिक प्रभावित रहा, जहां AQI 406 रिकॉर्ड किया गया। इसके अलावा रोहिणी, विवेक विहार, बावना, आनंद विहार और नेहरू नगर जैसे इलाकों में भी AQI उच्च स्तर पर है। इन क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सांस लेने में कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि PM2.5 और PM10 जैसे प्रदूषक बहुत अधिक मात्रा में हैं, जो फेफड़ों और हृदय रोगों को बढ़ावा देते हैं।
आगामी दिनों में वायु प्रदूषण की स्थिति और खराब होने का अनुमान
मौसम विभाग के अनुसार, दिल्ली में आज (गुरुवार) न्यूनतम तापमान 11 से 13 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है, जबकि अधिकतम तापमान 25 से 27 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। सुबह के समय हल्का कोहरा भी देखा गया है। एनसीआर (NCR) के अन्य शहरों में भी वायु गुणवत्ता बहुत खराब बनी हुई है, जिसमें नोएडा का AQI 364, ग्रेटर नोएडा 375, गाजियाबाद 357 और गुरुग्राम का AQI 300 रहा। निर्माण कार्य और ट्रैफिक जाम को मुख्य कारण माना जा रहा है। एयर क्वालिटी अर्ली वार्निंग सिस्टम के अनुसार, अगले 24 घंटों में स्थिति में कोई खास सुधार की उम्मीद नहीं है। 28-29 नवंबर तक AQI गंभीर से बहुत खराब के बीच रह सकता है। उल्लेखनीय है कि बुधवार को AQI में मामूली सुधार के बाद कुछ राहत मिली थी, लेकिन अब स्थिति फिर से गंभीर हो रही है।










