बिहार में चुनाव के बाद प्रवासी मजदूरों की वापसी और ट्रेनों में भीड़
बिहार विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के मतदान के पश्चात अब राज्य के प्रवासी मजदूर अपने-अपने कार्यस्थलों की ओर लौटने लगे हैं। समस्तीपुर, दरभंगा, मधुबनी और जयनगर से आने वाले श्रमिकों की भारी भीड़ इन दिनों समस्तीपुर रेलवे स्टेशन पर देखी जा रही है। चुनाव के दौरान जो मजदूर अपने गांव लौटकर वोट डालने गए थे, अब वे बड़ी संख्या में ट्रेनों के माध्यम से अपने कामकाज पर वापस जा रहे हैं।
ट्रेन यात्राओं में बढ़ती भीड़ और यात्रियों की कठिनाइयां
दरअसल, ट्रेनों में इतनी भीड़ हो गई है कि यात्रियों को ठूंस-ठूंस कर सफर करना पड़ रहा है। कई लोग जान जोखिम में डालकर ट्रेन के गेट पर लटककर यात्रा कर रहे हैं। जयनगर से सियालदह जाने वाली गंगासागर एक्सप्रेस की स्थिति सबसे खराब रही। इस ट्रेन के लगेज वैन गेट पर यात्रियों की भीड़ दिखाई दी, और कई यात्रियों को जगह न मिलने के कारण ट्रेन में चढ़ना भी संभव नहीं हो पाया।
यात्रियों की समस्याएं और चुनाव का प्रभाव
ट्रेन में भीड़ और यात्रियों की परेशानियों का असर चुनावी मतदान प्रतिशत पर भी देखा गया है। दरभंगा से अहमदाबाद जाने वाली जनसाधारण एक्सप्रेस की स्थिति भी गंगासागर एक्सप्रेस जैसी ही रही। इन भीड़भाड़ वाली ट्रेनों को देखकर यह स्पष्ट होता है कि चुनाव के दौरान प्रवासी मजदूर बड़ी संख्या में अपने घर लौटे थे। इस बार मतदान प्रतिशत में वृद्धि का कारण भी इन्हीं प्रवासियों की भागीदारी को माना जा रहा है। कई लोग अपने नाम मतदाता सूची से हटने के डर से हर हाल में मतदान करने निकले थे। इस बढ़े हुए मतदान प्रतिशत ने यह सवाल खड़ा कर दिया है कि क्या बदलाव की उम्मीदें अब और मजबूत हो गई हैं।










