बिहार के मुख्यमंत्री का कड़ा संदेश: अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का संकेत
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोमवार को अपराधियों को चेतावनी देते हुए कहा कि जो भी व्यक्ति कानून को चुनौती देगा, उसका परिणाम जेल या फिर गया में ‘पिंडदान’ के समान होगा। उन्होंने यह बयान गया और भोजपुर जिलों में आयोजित विभिन्न जनसभाओं में व्यक्त किया। गया जिले के खिजरसारी में 170 करोड़ रुपये की तकनीकी केंद्र की आधारशिला रखने के बाद उन्होंने कहा कि राज्य सरकार कानून व्यवस्था को मजबूत बनाने के साथ ही विकास कार्यों को भी तेजी से आगे बढ़ा रही है।
अपराध के खिलाफ सरकार की सख्त नीति और विकास का संकल्प
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार का अपराध, भ्रष्टाचार और सांप्रदायिकता के प्रति कोई समझौता नहीं है। उन्होंने कहा कि सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ विकास कार्यों को आगे बढ़ा रही है और जनता की समस्याओं का समाधान कर रही है। आरा में आयोजित जनसभा में सम्राट चौधरी ने पुलिस अधिकारियों को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि अपराधियों के खिलाफ तुरंत कार्रवाई की जाए। उन्होंने निर्देश दिया कि जो भी व्यक्ति कानून को चुनौती देगा, उसके खिलाफ 48 घंटे के भीतर कार्रवाई होनी चाहिए।
अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई और बिहार में विकास की नई दिशा
उन्होंने कहा कि ऐसे अपराधियों का या तो गया में पिंडदान होगा या फिर वे जेल की सलाखों के पीछे रहेंगे। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि बिहार में अपराधियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने दावा किया कि राज्य में चलाए जा रहे अपराध विरोधी अभियान के सकारात्मक परिणाम देखने को मिल रहे हैं। बड़ी संख्या में अपराधी या तो राज्य छोड़कर भाग गए हैं या अपने अवैध कार्यों को बंद कर दिया है। साथ ही, उन्होंने आंकड़ों का हवाला देते हुए बताया कि 2005 से पहले बिहार में केवल 17 लाख परिवारों के पास बिजली कनेक्शन था, जो अब बढ़कर 2.22 करोड़ घरों तक पहुंच गया है। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि बिहार देश के उन राज्यों में शामिल है जहां सबसे सस्ती और भरोसेमंद बिजली उपलब्ध कराई जा रही है। सरकार की ओर से 23 हजार करोड़ रुपये की बिजली सब्सिडी दी जा रही है और पात्र उपभोक्ताओं को 125 यूनिट तक मुफ्त बिजली भी प्रदान की जा रही है।










