दिल्ली में शराब की दुकानों पर अस्थायी बंदी का आदेश
दिल्ली सरकार के एक्साइज विभाग ने 9 और 10 अक्टूबर को शराब की दुकानों को बंद रखने का निर्णय लिया है। इस निर्णय का मुख्य कारण दिल्ली की वर्तमान स्थिति को ध्यान में रखते हुए सार्वजनिक व्यवस्था को सुरक्षित बनाना है। विभाग ने यह कदम दिल्ली पुलिस से प्राप्त इनपुट के आधार पर उठाया है, ताकि शहर में शांति और व्यवस्था बनी रहे।
शराब की दुकानों का बंद रहना सुरक्षा का हिस्सा
आदेश के अनुसार, दिल्ली में चलने वाली सभी खुदरा शराब की दुकानों, जिनके लाइसेंस L6, L6FG, L8, L10, L14 और L8 & L14 हैं, 9 और 10 अक्टूबर को बंद रहेंगी। विभाग ने स्पष्ट किया है कि यह निर्णय सार्वजनिक व्यवस्था को स्थिर रखने के उद्देश्य से लिया गया है। यह कदम उन परिस्थितियों में लिया गया है जब दिल्ली में विपक्षी दलों का विरोध प्रदर्शन लगातार जारी है।
विपक्षी प्रदर्शन और सुरक्षा व्यवस्था का संबंध
यह आदेश ऐसे समय में आया है जब दिल्ली में विपक्षी दलों का विरोध प्रदर्शन तेज हो रहा है। विपक्षी नेता मुख्य निर्वाचन आयुक्त के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं और चुनावी प्रक्रिया में कथित वोट चोरी का आरोप लगा रहे हैं। पिछले तीन दिनों से कांग्रेस और अन्य विपक्षी दल दिल्ली में विभिन्न स्थानों पर प्रदर्शन कर रहे हैं। 6 अक्टूबर को राहुल गांधी समेत कई सांसद चुनाव आयोग की ओर बढ़ने का प्रयास कर चुके हैं, जबकि 7 अक्टूबर को जंतर-मंतर मार्च के दौरान पुलिस ने उन्हें हिरासत में लिया था।
गुरुवार को कांग्रेस अध्यक्ष के लंच के बाद राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और अन्य नेता राजघाट पहुंचे और प्रदर्शन किया। इस बीच, 10 अक्टूबर को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन का आह्वान भी किया गया है, जिसे लेकर दिल्ली पुलिस ने किसी भी अनधिकृत सभा की अनुमति नहीं दी है। पुलिस ने जनता से अपील की है कि वे बिना अनुमति किसी भी सभा में भाग न लें।
सुरक्षा के मद्देनजर दिल्ली में 20 हजार से अधिक जवानों की तैनाती की गई है। संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की गई है और प्रदर्शन पर नजर रखी जा रही है। इन सुरक्षा उपायों के तहत ही शराब की दुकानों को दो दिनों के लिए बंद करने का फैसला लिया गया है, हालांकि विभाग ने स्पष्ट नहीं किया है कि यह कदम किसी विशेष प्रदर्शन से जुड़ा है।









