रोहिणी में चार मंजिला इमारत का ध्वस्त होना
रोहिणी के सेक्टर 16 में बुधवार शाम को एक चार मंजिला इमारत अचानक गिरने का मामला प्रकाश में आया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, 8 जुलाई को लगभग 4:28 बजे केएनके मार्ग पुलिस स्टेशन को जी-4 पॉकेट में स्थित इस इमारत के गिरने की सूचना पीसीआर कॉल के माध्यम से मिली। घटना की खबर मिलते ही पुलिस तुरंत ही मौके पर पहुंची और पाया कि सेक्टर 16 में बनी यह नई इमारत पूरी तरह से ध्वस्त हो चुकी थी, और उसके मलबे का ढेर सड़क पर फैल गया था।
मलबे में फंसे मजदूरों का रेस्क्यू और मृतकों की संख्या
स्थानीय लोगों ने बताया कि इस हादसे में काम कर रहे कुछ मजदूर मलबे के नीचे दबे हो सकते हैं। तुरंत ही एनडीआरएफ (राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल), डीएफएस (डिजास्टर फोर्स), टीपीडीडीएल (ट्रांसपोर्ट प्रोजेक्ट्स डेवलपमेंट लिमिटेड) और अन्य नागरिक एजेंसियों को सूचित किया गया। बचाव कार्य में पुलिस और अन्य टीमों ने मिलकर तेजी से भाग लिया। इस दौरान घायलों को बीएसए अस्पताल ले जाया गया, जहां राम नामक व्यक्ति (42 वर्ष) को मृत घोषित कर दिया गया।
बचाव अभियान और मलबे से निकाले गए शव
रिस्क्यू ऑपरेशन के दौरान सद्दाम उर्फ रवि नामक मजदूर को जिंदा बाहर निकाला गया। मलबे से दो और शव भी बरामद किए गए हैं, जिनमें राम (42), राम दुआ (62) और नूरुल (24) शामिल हैं। बताया जा रहा है कि बचाव कार्य लगभग पूरा हो चुका है, लेकिन मलबा हटाने का काम अभी भी जारी है। रेस्क्यू टीमों ने मलबे में फंसे एक मजदूर से संपर्क स्थापित किया और उसे पानी पहुंचाया। दिल्ली पुलिस ने पास के अस्पताल से ऑक्सीजन सिलेंडर मंगवाकर मलबे में फंसे व्यक्ति तक ऑक्सीजन पहुंचाई, जिससे उसकी जान बचाई जा सकी। रातभर बिना किसी बाधा के बचाव कार्य चलता रहा, पुलिस ने मौके पर जनरेटर और पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था की। इमारत गिरने के कारणों की जांच की जा रही है।











