पटना में खान ग्लोबल स्टडीज का विवाद और पुलिस कार्रवाई
बिहार की राजधानी पटना में पिछले कुछ दिनों से कोचिंग संस्थान से जुड़ा एक विवाद लगातार सुर्खियों में बना हुआ है। खासतौर पर खान ग्लोबल स्टडीज के संचालक फैजल खान उर्फ खान सर की तलाश में पुलिस ने व्यापक छापेमारी शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार, विशेष जांच दल (SIT) पटना और उसके आसपास के जिलों में दबिश दे रहा है, जबकि खान सर सार्वजनिक रूप से नजर नहीं आए हैं। इस मामले में पुलिस ने केस डायरी कोर्ट में जमा कर दी है।
वायरल वीडियो और नई जांच दिशा
शुरुआत में यह मामला खान ग्लोबल स्टडीज पर कथित हमले और फायरिंग से जुड़ा था, जिसके चलते ज्ञान बिंदु कोचिंग के निदेशक रौशन आनंद को गिरफ्तार किया गया। लेकिन सोशल मीडिया पर एक वायरल वीडियो ने स्थिति को बदल दिया। इस वीडियो में कथित तौर पर खान ग्लोबल स्टडीज के सुरक्षा कर्मी हथियार चलाते नजर आए। वीडियो के सामने आने के बाद पटना पुलिस ने मामले की नई जांच शुरू कर दी। पुलिस ने संस्थान पहुंचकर दो सुरक्षा गार्डों को हिरासत में लिया और उनके हथियारों को जब्त कर फॉरेंसिक लैब (FSL) भेज दिया। तकनीकी जांच, सीसीटीवी फुटेज और पूछताछ के आधार पर पुलिस ने फैजल खान के खिलाफ भी मामला दर्ज किया है।
पिछले विवाद की जड़ और बढ़ते तनाव
यह विवाद बिहार पुलिस भर्ती परीक्षा के परिणाम से जुड़ा माना जा रहा है। 27 मई को रिजल्ट घोषित होने के बाद कई कोचिंग संस्थानों ने अपने-अपने छात्रों की सफलता का दावा किया। खान ग्लोबल स्टडीज और ज्ञान बिंदु कोचिंग दोनों ने बड़ी संख्या में छात्रों के चयन का प्रचार किया। इसी दौरान आरोप लगा कि खान ग्लोबल स्टडीज के कर्मचारियों ने ज्ञान बिंदु कोचिंग के बोर्ड के ऊपर अपने प्रचार बैनर लगा दिए। इससे यह विवाद धीरे-धीरे प्रतिष्ठा की लड़ाई में बदल गया।
दो रातों में तनाव चरम पर पहुंच गया, जिसमें तोड़फोड़, पथराव और फायरिंग की घटनाएं भी हुईं। शुरुआत में खान ग्लोबल स्टडीज ने दावा किया कि उनके संस्थान पर हमला किया गया है, जिसके बाद पुलिस ने ज्ञान बिंदु कोचिंग के निदेशक को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो ने जांच का फोकस पूरी तरह बदल दिया और अब यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि गोली किसने चलाई, हथियार किसके थे और पूरे घटनाक्रम के पीछे कौन जिम्मेदार है।
छात्रों का प्रदर्शन भी इस विवाद का अहम हिस्सा बन गया है। रौशन आनंद की गिरफ्तारी के बाद उनके समर्थक छात्र सड़क पर उतर आए और प्रदर्शन कर रहे हैं। उनका कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और किसी एक पक्ष के आधार पर कार्रवाई नहीं होनी चाहिए। पुलिस से मांग है कि वे सभी वीडियो, सीसीटीवी फुटेज और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान के आधार पर निष्कर्ष निकालें। वायरल वीडियो ने आंदोलन को और तेज कर दिया है और पुलिस पर निष्पक्ष जांच का दबाव बढ़ गया है।
जांच में मिली महत्वपूर्ण जानकारियां और अग्नि सुरक्षा रिपोर्ट
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, वीडियो और तकनीकी साक्ष्यों की जांच के बाद कई अहम जानकारियां सामने आई हैं। इन तथ्यों के आधार पर फैजल खान के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है। पटना पुलिस का कहना है कि जांच अभी जारी है और सभी पहलुओं की गहराई से पड़ताल की जा रही है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) कार्तिकेय शर्मा ने बताया कि विशेष जांच दल लगातार कार्रवाई कर रहा है और आवश्यक कानूनी कदम उठाए जा रहे हैं। पुलिस का दावा है कि किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा, चाहे वह किसी भी पक्ष से हो।
इसी बीच खान ग्लोबल स्टडीज के मुसल्लहपुर हाट स्थित कोचिंग सेंटर की फायर ऑडिट रिपोर्ट भी सामने आई है। जिला अग्निशमन विभाग की टीम ने संस्थान का निरीक्षण किया और कई तकनीकी कमियां पाई गईं। रिपोर्ट में बताया गया कि भवन को जी प्लस 4 बताया गया था, जबकि निरीक्षण में यह जी प्लस 5 पाया गया। आवश्यक अग्नि सुरक्षा व्यवस्थाओं का भी अभाव था। फायर सिस्टम, फायर अलार्म, और पर्याप्त एग्जिट साइनेज की कमी पाई गई। विभाग ने संस्थान को सात से दस दिन का समय सुधार के लिए दिया है, यदि सुधार नहीं हुआ तो संस्थान को सील किया जा सकता है।









