दिल्ली में पुरानी पुल की दुर्घटना से हड़कंप मचा
राजधानी दिल्ली के रूप नगर क्षेत्र से मंगलवार सुबह एक दुखद खबर सामने आई है। यहां नजफगढ़ नाले पर स्थित एक लोहे का फुट ओवरब्रिज अचानक गिर गया, जो करीब 33 वर्षों से खड़ा था। यह हादसा उस समय हुआ जब इलाके के लोग अपनी रोजमर्रा की गतिविधियों में व्यस्त थे। भारी-भरकम इस पुल के गिरते ही चारों ओर अफरा-तफरी मच गई। घटना के दौरान एक महिला पुल पार कर रही थी, और वह सीधे गहरे और गंदे पानी में गिर गई।
मौके पर पहुंची राहत और बचाव टीमें, महिला की जान नहीं बच सकी
खबर मिलते ही दिल्ली पुलिस, फायर ब्रिगेड और राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (NDRF) की टीमें तुरंत घटनास्थल पर पहुंचीं। रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू हुआ और काफी प्रयासों के बाद उस महिला को नाले से बाहर निकाला गया। डॉक्टरों और बचाव दल ने अपनी पूरी कोशिश की, लेकिन दुर्भाग्यवश उसकी जान नहीं बचाई जा सकी। इस घटना ने दिल्ली में पुराने और जर्जर हो चुके ढांचों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। शुरुआती जांच में पता चला है कि यह पुल लगभग तीन दशक पुराना था और वर्षों से मौसम की मार झेलते-झेलते अंदर से पूरी तरह से खराब हो चुका था।
प्रशासन की लापरवाही और सुरक्षा के सवाल
हैरानी की बात यह है कि प्रशासन को इस खतरे का पहले से ही अंदाजा था। इस साल मार्च 2025 में जब इस पुल का निरीक्षण किया गया, तो इंजीनियरों ने इसे असुरक्षित घोषित कर दिया था। इसके बाद जुलाई में कागजी कार्रवाई के तहत इसे जनता के लिए बंद कर दिया गया और प्रतिबंध भी लगा दिए गए। बावजूद इसके, जमीन पर स्थिति कुछ और ही थी। लोग अपनी सुविधा के लिए जान जोखिम में डालकर इस टूटे-फूटे पुल का इस्तेमाल कर रहे थे। सवाल उठता है कि यदि यह पुल खतरनाक था, तो इसे पूरी तरह से बंद क्यों नहीं किया गया या तुरंत क्यों नहीं तोड़ा गया? क्या प्रशासन किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा था? इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था और प्रशासनिक लापरवाही की पोल खोल दी है। अब दिल्ली सरकार ने पुराने लोहे के पुलों का सेफ्टी ऑडिट करने का फैसला किया है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचा जा सके। फिलहाल, रूप नगर इलाके को घेर कर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत कर दी गई है, और पुलिस व प्रशासन की टीमें स्थिति को संभालने में लगी हैं। इस हादसे ने दिल्लीवासियों के मन में एक डर पैदा कर दिया है, और अब सभी इस रिपोर्ट का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं कि आखिर इस दुखद घटना के जिम्मेदार कौन हैं।











