उत्तर भारत में मौसम का बदलाव और बारिश का सिलसिला
देश के विभिन्न राज्यों में मौसमी बदलाव देखने को मिल रहे हैं, खासकर उत्तर भारत में। राजधानी दिल्ली में मार्च के महीने में तापमान में वृद्धि के बावजूद बीते दिन हल्की बारिश और बूंदाबांदी ने लोगों को गर्मी से राहत दी है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि सामान्यतः मार्च में दिल्ली और आसपास के क्षेत्र में गर्मी का प्रकोप शुरू हो जाता है, लेकिन इस बार पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के सक्रिय होने से बारिश का दौर शुरू हो गया है। यह पश्चिमी विक्षोभ हिमालय क्षेत्र से लेकर मैदानी इलाकों तक अपना प्रभाव दिखा रहा है, जिससे मार्च के मध्य में ही बारिश हो रही है।
दिल्ली में बीते दिन हुई बारिश और आगामी मौसम का पूर्वानुमान
15 मार्च को दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में भी बारिश दर्ज की गई, जहां गरज के साथ तेज हवाएं चलीं। इस कारण तापमान में तीन से पांच डिग्री सेल्सियस की गिरावट देखी गई। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, सोमवार 16 मार्च को अधिकतम तापमान लगभग 32 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है, जो सामान्य से थोड़ा कम है। न्यूनतम तापमान 17 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है। विभाग ने अगले दो दिनों में यानी 18 मार्च को दिल्ली में फिर से हल्की बूंदाबांदी या बारिश की संभावना जताई है, साथ ही गरज-चमक और तेज हवाओं का भी अलर्ट जारी किया है।
आने वाले दिनों में दिल्ली का मौसम कैसा रहेगा?
मौसम विभाग के अनुसार, अगले 2-3 दिनों में दिल्ली में बादल छाए रहेंगे। बुधवार 18 मार्च को फिर हल्की बारिश या बूंदाबांदी की संभावना है, जिसके बाद मौसम साफ होने के साथ तापमान में वृद्धि हो सकती है। फिलहाल पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से लोगों को गर्मी से राहत मिली है। दिल्ली की वायु गुणवत्ता में भी सुधार हुआ है, सोमवार को एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 97 पर पहुंच गया, जो ‘संतोषजनक’ श्रेणी में आता है। यह इस साल दिल्ली में पहली बार है जब हवा की गुणवत्ता इतनी अच्छी हुई है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के अनुसार, AQI 51 से 100 के बीच होने पर हवा को ‘संतोषजनक’ माना जाता है।











