मध्य प्रदेश के दतिया जिले में ट्रैफिक व्यवस्था की खामियों का परिणाम
मध्य प्रदेश के दतिया जिले में ट्रैफिक और सिस्टम की खराब स्थिति के कारण एक युवक की दुखद मौत हो गई है। इंदरगढ़ क्षेत्र में रोजाना लगने वाले जाम ने एक युवक की जिंदगी छीन ली। प्रेमनारायण बघेल को करंट लगने के बाद समय पर उपचार नहीं मिल सका, जिससे उसकी जान चली गई। यह घटना थरेट थाना क्षेत्र के पहाड़ी रावत गांव की है, जहां युवक मोटर पंप चालू कर रहा था तभी अचानक उसे करंट का झटका लगा।
अस्पताल पहुंचने से पहले ही युवक की मौत, ट्रैफिक जाम बना बड़ा संकट
घटना के समय भारी ट्रैफिक जाम के कारण ट्रैक्टर से घायल प्रेमनारायण को अस्पताल पहुंचाने में देरी हुई। परिजन ने ट्रैक्टर छोड़कर घायल को चारपाई पर लिटाकर पैदल ही अस्पताल की ओर कदम बढ़ाए। जब वे अस्पताल पहुंचे, तो डॉक्टरों ने जांच के बाद युवक को मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों का कहना है कि युवक की मौत अस्पताल पहुंचने से पहले ही हो चुकी थी।
प्रशासन की लापरवाही और ट्रैफिक जाम की समस्या पर सवाल
इंदरगढ़ अस्पताल के डॉक्टर नितिन द्विवेदी ने बताया कि जब प्रेमनारायण को लाया गया, तो उसकी धड़कन और ब्लड प्रेशर नहीं था। प्राथमिक जांच में स्पष्ट हो गया था कि युवक पहले ही मर चुका था। यदि समय पर इलाज मिल जाता, तो उसकी जान बच सकती थी। मृतक के परिजन वृन्दावन बघेल ने आरोप लगाया कि रोजाना ट्रैफिक जाम की समस्या से निपटने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए हैं। इससे पहले भी जाम में एंबुलेंस फंसने से एक मरीज की मौत हो चुकी है, फिर भी प्रशासन ने कोई प्रभावी व्यवस्था नहीं की है।










