डोनाल्ड ट्रंप का यूक्रेन विभाजन का प्रस्ताव
अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार को एक विवादास्पद बयान में कहा कि यूक्रेन के डोनबास क्षेत्र को विभाजित कर देना चाहिए, ताकि इसका अधिकांश हिस्सा रूस के नियंत्रण में रहे। उनका तर्क था कि इससे लगभग चार वर्षों से चल रहे युद्ध का अंत संभव हो सकता है। ट्रंप ने एयर फोर्स वन विमान में पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहा, “जैसे यह अभी बंटा हुआ है, वैसे ही रहने देना चाहिए। दोनों पक्षों को युद्ध रोकना चाहिए, घर लौटना चाहिए और लोगों की जान लेना बंद करना चाहिए।” यह टिप्पणी उस समय आई है जब यूक्रेन के ड्रोन हमले से दक्षिण रूस के ओरेनबर्ग गैस संयंत्र में आग लग गई है।
रूस-यूक्रेन संघर्ष और गैस संयंत्र पर हमला
रूसी अधिकारियों के अनुसार, इस ड्रोन हमले में गैस संयंत्र का एक हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया है, जिससे रूस की सरकारी कंपनी गजप्रोम का यह बड़ा केंद्र प्रभावित हुआ है। यह संयंत्र दुनिया के सबसे बड़े गैस संशोधन केंद्रों में से एक है। इस हमले के परिणामस्वरूप, कजाकिस्तान से आने वाली गैस की प्रोसेसिंग प्रक्रिया भी रुक गई है। ट्रंप ने संकेत दिया कि यूक्रेन को शांति स्थापित करने के लिए कुछ क्षेत्र छोड़ने पड़ सकते हैं।
राजनीतिक बयानबाजी और संभावित मुलाकातें
बृहस्पतिवार को ‘फॉक्स न्यूज’ को दिए गए साक्षात्कार में जब ट्रंप से पूछा गया कि क्या रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन “यूक्रेन से महत्वपूर्ण हिस्सा लिए बिना” युद्ध समाप्त करने के लिए तैयार होंगे, तो उन्होंने जवाब दिया, “हां, वह कुछ हिस्सा जरूर लेंगे।” उन्होंने यह भी कहा कि “हम एकमात्र ऐसा देश हैं जो युद्ध जीतने के बाद भी पीछे हट जाते हैं।” ट्रंप की यह टिप्पणी पुतिन और यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की के साथ हुई बातचीत के बाद आई है। उन्होंने संकेत दिया कि आने वाले सप्ताहों में वह बुडापेस्ट में पुतिन से मुलाकात कर सकते हैं। इस बीच, यूक्रेन ने रूस के कई ऊर्जा संयंत्रों पर ड्रोन हमले तेज कर दिए हैं।











