डोनाल्ड ट्रंप का दावा: भारत-पाक युद्ध रुकवाने में अमेरिकी मध्यस्थता
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर भारत और पाकिस्तान के बीच संघर्ष को समाप्त कराने का दावा किया है। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच हुई गोलीबारी में सात विमानों को मार गिराया गया, हालांकि उन्होंने यह नहीं बताया कि ये विमान किस देश के थे। रविवार को ‘फॉक्स’ न्यूज को दिए गए साक्षात्कार में ट्रंप ने यह भी कहा कि शुल्क लगाने की धमकी ने इन दोनों परमाणु शक्ति संपन्न देशों को युद्ध से रोक दिया।
शुल्क और धमकी से युद्ध टलने का दावा
ट्रंप ने कहा, “शुल्क लगाने की धमकी ने भारत और पाकिस्तान को युद्ध से रोक दिया। दोनों देश युद्ध कर रहे थे। सात विमानों को मार गिराया गया, जो बहुत गंभीर बात है। दोनों देशों के बीच परमाणु युद्ध की आशंका भी थी।” उन्होंने यह भी बताया कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने उनकी प्रशंसा की है, क्योंकि उन्होंने लाखों लोगों की जान बचाने के लिए यह कदम उठाया।
200 प्रतिशत शुल्क का धमकी और संघर्ष विराम
अमेरिकी राष्ट्रपति ने बताया कि उन्होंने भारत और पाकिस्तान पर 200 प्रतिशत का शुल्क लगाने की धमकी दी थी, जिससे दोनों देशों को युद्ध रोकना पड़ा। ट्रंप ने कहा, “मैंने दोनों देशों से कहा कि यदि उन्होंने युद्ध जारी रखा, तो हम 200 प्रतिशत शुल्क लगाएंगे और व्यापार बंद कर देंगे। 24 घंटे के भीतर, मैंने संघर्ष रुकवाने में सफलता पाई।”
उन्होंने यह भी दावा किया कि 10 मई को अमेरिका की मध्यस्थता में भारत और पाकिस्तान ने ‘पूर्ण व तत्काल’ संघर्षविराम पर सहमति जताई। भारत ने स्पष्ट किया है कि यह समझौता दोनों सेनाओं के सैन्य संचालन महानिदेशकों (DGMOs) के बीच सीधी बातचीत के बाद हुआ था।
बता दें कि भारत ने 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के जवाब में 7 मई को पाकिस्तान और उसके कब्जे वाले कश्मीर में आतंकवादियों के ठिकानों को निशाना बनाते हुए ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया था। इस हमले में 26 लोग मारे गए थे। चार दिनों की झड़पों के बाद, दोनों देशों ने 10 मई को संघर्ष विराम पर सहमति दी थी।











