इंडोनेशिया में इस्लामिक स्कूल का हादसा और बचाव कार्य
इंडोनेशिया के जावा द्वीप पर स्थित एक प्राचीन इस्लामिक बोर्डिंग स्कूल के प्रार्थना कक्ष के गिरने के बाद राहत एवं बचाव दलों ने सोमवार को 12 और छात्रों के शव बरामद किए हैं। इस घटना में मृतकों की संख्या अब बढ़कर 61 हो गई है। यह दुर्घटना 29 सितंबर को उस समय हुई जब छात्र दोपहर की नमाज अदा कर रहे थे। अधिकतर मृतक छात्र लड़के ही थे।
मलबे में फंसे छात्रों की खोज और राहत अभियान
यह हादसा उस समय हुआ जब सौ साल पुरानी ‘अल खोजिनी इस्लामिक बोर्डिंग स्कूल’ की इमारत का अनधिकृत विस्तार किया जा रहा था। अधिकारियों ने बताया कि इस हादसे में केवल एक छात्र ही सुरक्षित बच पाया है, जबकि 99 घायल छात्रों को अस्पताल में उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई है। गंभीर रूप से घायल चार छात्र अभी भी अस्पताल में भर्ती हैं।
मलबा हटाने और शवों की पहचान
मलबे में फंसे छात्रों के जीवित मिलने की कोई उम्मीद न होने के कारण, तीन दिन बाद ही भारी मशीनों की मदद से मलबा हटाने का कार्य तेज कर दिया गया। राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन एजेंसी के अनुसार, सोमवार को राहत कर्मियों ने 12 शव निकाले हैं। अभी भी दो छात्रों की खोज जारी है, जिनके लापता होने की खबर है। अधिकांश शव इस तरह से मिले कि उनकी पहचान करना कठिन हो गया है। परिजनों ने पूर्वी जावा के पड़ोसी शहर सुरबाया के भयांगकारा पुलिस अस्पताल में डीएनए नमूने देकर पहचान में मदद की है।











