गाजा में फिर से हिंसक संघर्ष की आशंका
इजरायल और हमास के बीच चल रही युद्धविराम वार्ता के बीच, गाजा में एक बार फिर गोलियों और बमों की आवाजें सुनाई देने लगी हैं। उम्मीद की जा रही है कि जल्द ही दोनों पक्षों के बीच स्थायी शांति स्थापित हो जाएगी, लेकिन इस बीच हिंसक घटनाएं रुकने का नाम नहीं ले रही हैं। अल कसाम ब्रिगेड ने दावा किया है कि उसने एक इजरायली मर्कवा टैंक को विस्फोटक से उड़ा दिया है, जो गाजा सिटी के पास तैनात इजरायली सैनिकों को लक्षित किया गया। इस हमले के बाद, संगठन ने कहा है कि वे अपने संघर्ष को जारी रखेंगे और गाजा की जमीन पर किसी भी तरह का कब्जा बर्दाश्त नहीं करेंगे।
इजरायली सेना पर हमले और प्रतिक्रिया
गाजा में जारी तनाव के बीच, अल कसाम ब्रिगेड ने एक बयान में कहा है कि उन्होंने गाजा शहर के पास शुआथ क्षेत्र में एक मर्कवा टैंक को विस्फोटक से उड़ा दिया है। वहीं, सराय अल-कुद्स ने भी दावा किया है कि उसने इजरायली सेना के एक कमांड सेंटर पर रॉकेट से हमला किया है। इजरायली सेना का कहना है कि उन्होंने अधिकांश रॉकेटों को इंटरसेप्ट कर लिया है, लेकिन कुछ रॉकेट सीमा के पास गिर गए हैं। इन घटनाओं के बावजूद, दोनों पक्षों के बीच संघर्ष जारी है, और तनाव की स्थिति बनी हुई है।
राजनीतिक और सैन्य कदम
इजरायली प्रधानमंत्री बेन्यामिन नेतन्याहू ने स्पष्ट किया है कि जब तक सभी बंधक वापस नहीं आ जाते, तब तक गाजा समझौते के बाकी हिस्सों पर कोई समझौता नहीं किया जाएगा। यरूशलम में एक बैठक के दौरान, नेतन्याहू ने कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप की युद्धविराम योजना का कोई भी पहलू तब तक आगे नहीं बढ़ेगा जब तक सभी बंधकों की रिहाई नहीं हो जाती। इसी बीच, दक्षिणी गाजा में जॉर्डन अस्पताल से सटी एक 1.5 किलोमीटर लंबी सुरंग का पता चला है, जिसे हथियार बनाने के लिए इस्तेमाल किया जा रहा था। इजरायल का दावा है कि यह सुरंग हथियार बनाने और भूमिगत कार्यशाला तक पहुंचने के लिए बनाई गई थी, और संगठन मानवीय सुविधाओं का सैन्य उद्देश्यों के लिए उपयोग कर रहा है।











