बांग्लादेश में हिंदू युवक की भीषण लिंचिंग
बांग्लादेश के मयमनसिंह जिले में शुक्रवार को एक हिंदू युवक की भीड़ द्वारा पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। इस घटना के बाद देश में व्यापक अस्थिरता और तनाव का माहौल बन गया है। मृतक की पहचान 27 वर्षीय दीपू चंद्र दास के रूप में हुई है, जिनके पिता रविलाल दास ने इस जघन्य घटना का विस्तृत विवरण साझा किया है।
घटना का पूरा घटनाक्रम और परिवार की प्रतिक्रिया
रविलाल दास ने बताया कि उनके बेटे का शव पेड़ से बांधकर आग लगा दी गई थी। उन्हें सबसे पहले इस घटना की जानकारी सोशल मीडिया फेसबुक के माध्यम से मिली, जहां से धीरे-धीरे इस घटना की चर्चा फैलने लगी। उन्होंने कहा कि उन्हें तब पता चला जब किसी ने उन्हें सूचित किया कि उनके बेटे को बुरी तरह से पीटा गया है। आधे घंटे बाद, उनके चाचा आए और उन्होंने बताया कि पुलिस ने उनके बेटे को ले जाकर पेड़ से बांध दिया है। इसके बाद, उस पर केरोसिन डालकर आग लगा दी गई और जला हुआ शव बाहर छोड़ दिया गया।
सरकार की प्रतिक्रिया और गिरफ्तारियां
पीड़ित के पिता ने यह भी कहा कि बांग्लादेश सरकार ने इस घटना के संदर्भ में कोई आश्वासन नहीं दिया है। मोहम्मद यूनुस (मुख्य सलाहकार) ने बताया कि लिंचिंग के मामले में सात व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया है। प्रशासन ने इस जघन्य हत्या की निंदा की है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में मोहम्मद लिमोन सरकार, मोहम्मद तारेक हुसैन, मोहम्मद माणिक मिया, इरशाद अली, निजुम उद्दीन, अलोमगीर हुसैन और मोहम्मद मिराज हुसैन शामिल हैं।











