मध्य प्रदेश में तानसेन पुरस्कार वितरण समारोह का आयोजन
मध्य प्रदेश के ग्वालियर में आयोजित तानसेन संगीत समारोह के 101वें संस्करण के उद्घाटन के दौरान, प्रसिद्ध शास्त्रीय संगीत कलाकारों को सम्मानित किया गया। इस वर्ष, भारतीय शास्त्रीय संगीत के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले कलाकारों को तानसेन पुरस्कार से नवाजा गया। इनमें मुंबई के प्रख्यात गायक और संगीतकार पंडित राजा काले को 2024 का तानसेन पुरस्कार प्रदान किया गया, जबकि संतूर वादक पंडित तरुण भट्टाचार्य को 2025 का पुरस्कार दिया गया।
संगीत के क्षेत्र में विशिष्ट योगदान के लिए पुरस्कार वितरण
यह सम्मान समारोह भारतीय शास्त्रीय संगीत के प्रतिष्ठित आयोजन का हिस्सा है, जिसमें देश के प्रमुख कलाकारों को उनके संगीत के प्रति समर्पण और उत्कृष्टता के लिए सम्मानित किया जाता है। इस अवसर पर, मंडलेश्वर के साधना परमार्थिक संस्थान समिति को 2024 का राजा मानसिंह तोमर पुरस्कार और ग्वालियर की रागायन संगीत समिति को 2025 का पुरस्कार भी प्रदान किया गया। इन पुरस्कारों का उद्देश्य भारतीय संगीत परंपरा को संरक्षित और प्रोत्साहित करना है।
मुख्यमंत्री ने समारोह का उद्घाटन किया और कलाकारों को किया सम्मानित
इस कार्यक्रम का उद्घाटन मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से किया। उन्होंने समारोह का औपचारिक शुभारंभ करते हुए, पुरस्कार विजेताओं को बधाई दी और कहा कि सरकार देश की समृद्ध कला और संस्कृति को संरक्षित करने के साथ ही विकास के पथ पर अग्रसर है। मुख्यमंत्री ने तानसेन को भारतीय शास्त्रीय संगीत का अग्रदूत बताया और कहा कि उनके राग और धुनें ग्वालियर को विश्व स्तर पर अलग पहचान दिलाती हैं। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि शास्त्रीय संगीत वैदिक काल से ही हमारे जीवन और संस्कृति का अभिन्न हिस्सा रहा है, और सामवेद इसकी गवाही है।









