पन्ना टाइगर रिजर्व के गाइड की अनूठी हीरा खोज
पन्ना टाइगर रिजर्व के एक अनुभवी गाइड कैलाश कुमार तिवारी की कहानी इन दिनों पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है। मॉनसून के दौरान जंगल के प्रवेश द्वार बंद होने के कारण उन्होंने अपने खाली समय का सदुपयोग करने का फैसला किया। इस दौरान उन्होंने कृष्णा कल्याणपुर पटी में एक छोटी खदान में खुदाई शुरू की, और आश्चर्यजनक रूप से उन्हें पहली ही कोशिश में दो चमकदार हीरे प्राप्त हुए। कैलाश ने इन हीरों को तुरंत ही पन्ना के हीरा कार्यालय में जमा करवा दिया।
हीरों की गुणवत्ता और बाजार में उनकी कीमत
हीरा अधिकारी रवि पटेल ने इन हीरों की गुणवत्ता की पुष्टि की है। इनमें से पहला हीरा 1.56 कैरेट का है और जेम्स क्वालिटी का माना जाता है, जो सबसे महंगा और उच्च मांग वाला होता है। दूसरा हीरा 1.35 कैरेट का है, जो मेले किस्म का है, यानी कम चमक वाला लेकिन फिर भी मूल्यवान। रवि पटेल ने बताया कि इन दोनों हीरों को आगामी नीलामी में रखा जाएगा, क्योंकि जेम्स क्वालिटी के हीरे बाजार में अधिक डिमांड में रहते हैं।
खोज का संक्षिप्त इतिहास और भविष्य की योजनाएं
कैलाश तिवारी ने बताया कि वह पन्ना टाइगर रिजर्व में पर्यटकों को जंगल सफारी कराते हैं, और हर साल 30 जून के बाद मॉनसून के कारण पार्क बंद हो जाता है। इस समय का सदुपयोग करने के लिए उन्होंने हीरा कार्यालय से पट्टा लेकर खुदाई शुरू की। मेहनत के बाद मंगलवार, 28 अक्टूबर को उन्हें ये कीमती रत्न प्राप्त हुए। कैलाश ने कहा कि वह बहुत खुश हैं कि पहली ही कोशिश में उन्हें हीरे मिल गए। नीलामी से प्राप्त धन से वह अपने बच्चों की अच्छी शिक्षा कराएंगे।










