बैतूल में कफ सिरप से बच्चे की मौत: चार महीने का संघर्ष समाप्त
मध्य प्रदेश के बैतूल जिले में कफ सिरप के सेवन के कारण चार वर्षीय बच्चे की हालत गंभीर हो गई थी, जिसके बाद उसकी मौत हो गई। यह बच्चा कई महीनों से नागपुर के एम्स अस्पताल में भर्ती था। बच्चे की पहचान हर्ष यदुवंशी के रूप में हुई है। परिजनों का कहना है कि हर्ष की तबीयत कुछ समय पहले ही उस समय बिगड़ी जब उसने कफ सिरप का सेवन किया। इसके बाद उसे गंभीर स्थिति में अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
मृत्यु का कारण स्पष्ट करने के लिए पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
छिंदवाड़ा जिले के परासिया के डॉ. एसएस ठाकुर के यहां उपचार के दौरान दी गई खांसी की दवा के सेवन के बाद बच्चे की अचानक से तबीयत बिगड़ गई। परिजन पहले से ही इस दवा को उसकी बिगड़ती सेहत का कारण मान रहे थे। हालांकि, मौत का सही कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। बच्चे का शव नागपुर में पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया गया है।
बच्चे का अंतिम संस्कार बैतूल के टीकाबर्री गांव में किया गया
बच्चे की मौत की पुष्टि मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मनोज हुरमाड़े ने की है। उन्होंने बताया कि हर्ष का पोस्टमार्टम नागपुर में हुआ और सोमवार की शाम को उसका अंतिम संस्कार बैतूल के टीकाबर्री गांव में किया गया। बच्चे का इलाज पहले छिंदवाड़ा के परासिया के डॉ. एसएस ठाकुर के यहां हुआ था, जहां से उसे नागपुर के एम्स अस्पताल में भर्ती कराया गया था। बच्चे को चार महीने तक अस्पताल में भर्ती रहना पड़ा।











