कूनो नेशनल पार्क में चीता पुनर्स्थापना का तीसरा चरण पूरा
मध्यप्रदेश के श्योपुर जिले में स्थित कूनो नेशनल पार्क में चीता पुनर्स्थापना परियोजना के तीसरे चरण में बोत्सवाना से लाए गए नौ चीतों में से छह का क्वारंटाइन अवधि समाप्त हो चुकी है। इसके बाद इन चीतों को बड़े बाड़ों में स्थानांतरित कर दिया गया है। कूनो प्रबंधन ने एक प्रेस नोट जारी कर बताया कि एक महीने की देखरेख के बाद सभी चीते पूरी तरह से स्वस्थ हैं और नए वातावरण में सहज हो रहे हैं।
चीते की देखभाल और स्थानांतरण की प्रक्रिया
28 फरवरी 2026 को बोत्सवाना से आए इन नौ चीतों में से छह मादा और तीन नर थे, जिन्हें नियम के अनुसार अलग-अलग रखा गया था। अब सेहत की जांच और अधिकारियों की मंजूरी के बाद, चार मादा और दो नर चीतों को बड़े बाड़ों में शिफ्ट कर दिया गया है। वन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि शेष तीन चीतों को भी जल्द ही बड़े बाड़ों में स्थानांतरित किया जाएगा, जिसकी तैयारी अंतिम चरण में है।
बोत्सवाना से आए चीते पूरी तरह से स्वस्थ और अनुकूल
अधिकारियों के अनुसार, बोत्सवाना से लाए गए सभी नौ चीते पूरी तरह से स्वस्थ हैं और कूनो के वातावरण में उन्हें अच्छा अनुभव हो रहा है। भारत में लंबे समय से गायब इन प्रजातियों को पुनः जंगल में लाने के इस प्रयास को बहुत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। चीता प्रोजेक्ट के फील्ड डायरेक्टर उत्तम कुमार शर्मा ने बताया कि इन सभी की सेहत और रहन-सहन पर चौबीस घंटे नजर रखी जा रही है, ताकि भविष्य में इन्हें सुरक्षित तरीके से खुले जंगल में छोड़ा जा सके।









