हरियाणा में महिला द्वारा बच्चों की हत्या का खुलासा
हरियाणा के पानीपत, सोनीपत और गोहाना क्षेत्रों में एक महिला का नाम चर्चा का विषय बन गया है। यह महिला, पूनम, पर पुलिस ने चार बच्चों की हत्या का आरोप लगाते हुए गिरफ्तारी की है। पुलिस का दावा है कि पूनम सुंदर और मासूम बच्चों को देखकर उन्हें पानी में डुबो देती थी, और हर बार इसे हादसा बताकर मामला रफा-दफा कर दिया जाता था।
लेकिन 1 दिसंबर 2025 को नौल्था गांव में छह वर्षीय एक बच्ची की मौत ने पूरे मामले का पर्दाफाश कर दिया। जब पुलिस ने पूछताछ की, तो चार अलग-अलग वारदातें सामने आईं, जिसने पूरे इलाके को हिला कर रख दिया। गांव के लोग, परिजन और ससुराल वाले इस बात पर विश्वास नहीं कर पा रहे हैं कि घर की बहू, जो पढ़ी-लिखी और बीएड ग्रेजुएट है, वह सीरियल किलर निकलेगी।
पूनम का जीवन और रहस्यमय घटनाएं
साल 2019 में सोनीपत के भावड़ गांव में पूनम की शादी नवीन से हुई। नवीन गोहाना में अपना वॉशिंग सर्विस सेंटर चलाता है। शादी के बाद पूनम ने बीएड की डिग्री भी हासिल की। शुरुआत में परिवार का मानना था कि वह शांत, कम बोलने वाली और अपने काम में लगी रहने वाली बहू है।
2021 में उसके घर बेटे शुभम का जन्म हुआ, और परिवार खुशियों से भर गया। लेकिन किसी को भी अंदाजा नहीं था कि पूनम के अंदर एक खतरनाक मानसिक बीमारी पल रही है, जिसका खुलासा दो साल बाद हुआ। 13 जनवरी 2023 को गांव भावड़ में पूनम की ननद पिंकी अपनी 11 वर्षीय बेटी इशिका के साथ मायके आई थी। उस दिन शाम को जब इशिका अकेली दिखी, तो पूनम ने उसे बहाने से बुलाकर पानी के हौद में डुबो दिया।
हत्या के सिलसिले और पुलिस का खुलासा
पुलिस का कहना है कि हत्या को हादसा दिखाने के लिए पूनम ने अपने तीन वर्षीय बेटे शुभम को भी पानी के टैंक में डुबो दिया। परिवार का मानना था कि शुभम फिसलकर गिर गया और इशिका उसे बचाने गई। दोनों की मौत को एक दर्दनाक हादसा माना गया।
अगस्त 2025 में पूनम अपने मायके सिवाह में थी, जहां उसने अपनी भतीजी जिया को पानी के हौद में डुबोकर मार डाला। परिवार ने इसे भी हादसा समझा, लेकिन बाद में पता चला कि यह भी हत्या थी।
30 नवंबर को सतपाल की बेटी की शादी थी, और 1 दिसंबर को बारात विदा हो गई। उस दिन पूनम ने अपनी छह वर्षीय बेटी विधि को छत के स्टोर रूम के बाहर रखे पानी से भरे टब में डुबो दिया। जब पुलिस ने पूनम से पूछताछ की, तो उसने स्वीकार किया कि उसने चार बच्चों को पानी में डुबोकर मारा है। वह सुंदर बच्चों को देखकर जलन या गुस्से में आ जाती थी, और हत्या के बाद उसे मानसिक संतोष मिलता था।
पूनम की गिरफ्तारी के बाद गांव के लोग और परिजन सदमे में हैं। उनके देवर का कहना है कि उन्हें कभी शक नहीं हुआ था कि उसकी बहन इस तरह की वारदातें कर सकती है। ग्रामीणों का कहना है कि पूनम चुप रहने वाली और अपने काम से काम रखने वाली महिला थी।
गांव के एक महिला ने कहा कि यदि कोई कहता कि वह बच्चों को मार सकती है, तो हम यकीन नहीं करते। पूनम की गिरफ्तारी के बाद पता चला कि उसका दो साल का बेटा अभी भी परिवार के साथ है, और उसकी देखभाल उसकी जेठानी कर रही है।
इशिका की मौत को परिवार ने हादसा माना था, लेकिन अब पुलिस की जांच और पूनम के बयान के बाद पता चला कि यह हत्या थी। इशिका की मां ने कहा कि उन्हें बताया गया था कि दोनों बच्चे पानी की टंकी में गिरकर मर गए, लेकिन अब पता चला कि उसकी बेटी को पानी में डुबोकर मारा गया। परिवार का कहना है कि ऐसी क्रूरता करने वाली महिला को सजा मिलनी चाहिए।
पूनम के पति नवीन ने भी बताया कि उसने कभी शक नहीं किया कि उसकी पत्नी बच्चों को मार सकती है। उसने कहा कि पूनम बहुत ही सफाई से काम करती थी और कभी-कभी उसकी हरकतें ऐसी हो जाती थीं कि मानो कोई आत्मा आ गई हो।











