अली गांव में अतिक्रमण विरोधी कार्रवाई की तैयारी
दिल्ली के ओखला विधानसभा क्षेत्र के अली गांव में अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया शुरू करने की योजना बन रही है। यहाँ यूपी सिंचाई विभाग की जमीन पर अवैध कब्जा होने का मामला प्रकाश में आया है। इस संदर्भ में विभाग की टीम ने लगभग 300 घरों को सील कर दिया है। बताया जाता है कि बुलडोजर से तोड़फोड़ की योजना 15 दिसंबर को तय थी, लेकिन दिल्ली में लागू ग्रेप 4 प्रतिबंधों के कारण यह कार्रवाई स्थगित कर दी गई। फिर भी, टीम ने मौके पर पहुंचकर घरों को सील कर दिया है।
प्रभावित परिवारों से मिलकर नेता ने जताई सहानुभूति
इस कार्रवाई के विरोध में रविवार को कांग्रेस के युवा नेता जावेद मलिक अपने समर्थकों के साथ अली गांव पहुंचे। उन्होंने प्रभावित परिवारों से मुलाकात की और उनकी समस्याओं को जाना। जावेद मलिक ने कहा कि वे इन लोगों के साथ खड़े हैं और यदि बुलडोजर चलाया गया तो वे उसके सामने खड़े रहेंगे। उनका मानना है कि सरकार को पहले इन परिवारों को फ्लैट या घर उपलब्ध कराना चाहिए, उसके बाद ही मकान तोड़ने का कदम उठाना चाहिए।
स्थानीय लोगों की पीड़ा और सरकार से अपेक्षा
स्थानीय निवासी अपनी पीड़ा व्यक्त कर रहे हैं। उनका कहना है कि वे वर्षों से इस इलाके में रह रहे हैं और अचानक घरों का सील होना उनके लिए संकट बन गया है। ठंड के मौसम में वे टेंट में रहने को मजबूर हैं और उन्हें नहीं पता कि अब वे कहां जाएं। उनका आरोप है कि उनके पास कोई विकल्प नहीं है और प्रशासन ने करीब 300 घरों को सील कर दिया है। इस कार्रवाई से इलाके में तनाव का माहौल है, और लोग तब तक कोई भी तोड़फोड़ नहीं चाहते जब तक उन्हें वैकल्पिक आवास नहीं मिल जाता।










