गणतंत्र दिवस पर लाल किले की सुरक्षा में बड़ी साजिश का पर्दाफाश
दिल्ली पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों ने गणतंत्र दिवस के अवसर पर लाल किले पर आतंकी हमला करने की योजना को नाकाम कर दिया है। जांच में पता चला है कि गिरफ्तार किए गए डॉक्टर मुज़म्मिल गनाई ने जनवरी महीने में कई बार लाल किले के आसपास की निगरानी की थी। इस संदर्भ में मिली जानकारी के अनुसार, मुज़म्मिल गनाई की मोबाइल डंप डेटा की जांच से यह स्पष्ट हुआ है कि उसने जनवरी के पहले सप्ताह में बार-बार लाल किले के आसपास की सुरक्षा व्यवस्था और भीड़ का जायजा लिया था।
रेकी और आतंकी मॉड्यूल का खुलासा, बड़ा खतरा टला
पुलिस का मानना है कि यह रेकी गणतंत्र दिवस के दौरान लाल किले को निशाना बनाने की साजिश का हिस्सा थी, जिसे उस समय इलाके में बढ़ी हुई सतर्कता और गश्त के कारण विफल कर दिया गया। जांच के कुछ ही घंटों बाद ही दिल्ली के लाल किले के पास एक धीमी गति से चल रही कार में विस्फोट हुआ, जिसमें दस लोगों की मौत हो गई और कई घायल हो गए। इस धमाके से जुड़ा मॉड्यूल जैश-ए-मोहम्मद (Jaish-e-Mohammed) और अंसार गजवात-उल-हिंद (Ansar Gajwat-ul-Hind) से संबंधित था। इस मामले में आठ व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें तीन डॉक्टर भी शामिल हैं।
विस्फोटक सामग्री और सुरक्षा बढ़ाने के कदम
पुलिस ने इस जांच के दौरान जम्मू-कश्मीर, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में फैले नेटवर्क से लगभग 2500 किलोग्राम विस्फोटक सामग्री जैसे अमोनियम नाइट्रेट (Ammonium Nitrate), पोटेशियम क्लोरेट (Potassium Chlorate) और सल्फर (Sulfur) बरामद की है। फॉरेंसिक साइंस लैबोरेटरी (FSL) ने विस्फोट स्थल से करीब 40 नमूने एकत्र किए हैं, जिनमें से प्रारंभिक रिपोर्ट में अमोनियम नाइट्रेट का एक नमूना पाया गया है।
अधिकारी बताते हैं कि मुज़म्मिल गनाई कई बार लाल किले के आसपास मौजूद था, और उसकी मोबाइल लोकेशन से यह पुष्टि हुई है कि वह और सह आरोपी उमर नबी उस क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था का अध्ययन कर रहे थे। दोनों ने मिलकर भीड़भाड़ वाले इलाकों और सुरक्षा व्यवस्था का निरीक्षण किया था, जो 26 जनवरी से पहले की विस्तृत रेकी का हिस्सा था।
जांच में सामने आया है कि धमाके की जगह से दो कारतूस, जिंदा गोलियां और विस्फोटक के नमूने भी बरामद किए गए हैं। प्रारंभिक रिपोर्ट में संकेत मिला है कि दूसरा विस्फोटक अमोनियम नाइट्रेट से अधिक शक्तिशाली हो सकता है, जिसकी विस्तृत जांच अभी जारी है। सोमवार को फरीदाबाद से 360 किलोग्राम अमोनियम नाइट्रेट भी बरामद किया गया है, जो उस इलाके से आया है जहां से आरोपी मुज़म्मिल गनाई और शाहीन सईद को गिरफ्तार किया गया था।
इसी बीच, जम्मू-कश्मीर पुलिस ने हरियाणा के मेवात क्षेत्र से मौलवी इश्तियाक नामक व्यक्ति को हिरासत में लिया है। वह फरीदाबाद में अल-फलाह यूनिवर्सिटी के एक किराए के मकान में रह रहा था, जहां से 2500 किलोग्राम से अधिक विस्फोटक सामग्री भी बरामद हुई है। अब वह इस मामले का नौवां आरोपी माना जा रहा है।
दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था को और भी सख्त कर दिया गया है। पूरे राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में पुलिस और अर्धसैनिक बलों की तैनाती बढ़ाई गई है। सभी प्रवेश और निकास बिंदुओं पर वाहनों की जांच तेज कर दी गई है। गाज़ीपुर, सिंघु, टिकरी और बदरपुर जैसे बॉर्डरों पर सुरक्षा जांच की निगरानी वरिष्ठ अधिकारी कर रहे हैं। बाजारों, मेट्रो स्टेशनों, रेलवे टर्मिनलों और बस अड्डों पर रैंडम चेकिंग की जा रही है। सुरक्षा एजेंसियों का कहना है कि यह मामला राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा है और हर लिंक की बारीकी से जांच की जा रही है।











