वैशाली में महात्मा गांधी सेतु के पास युवक की हत्या का खुलासा
वैशाली जिले में महात्मा गांधी सेतु के समीप मिली युवक की मौत का मामला अब पुलिस की जांच में स्पष्ट हो गया है। मृतक का नाम भानु कुमार था, जो जहानाबाद (Jharkhand) का निवासी था। वह समस्तीपुर (Samastipur) में लोजपा नेता पर हुई फायरिंग के दौरान घायल हो गया था। इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। पुलिस को शक था कि साथी लोग शव को गंगा नदी में फेंकने की योजना बना रहे थे, लेकिन गश्त के दौरान आरोपी कार छोड़कर फरार हो गए।
मामले की जांच में मिली महत्वपूर्ण जानकारी
पुलिस ने मृतक के मोबाइल फोन का विश्लेषण किया तो पता चला कि भानु कुमार 16 फरवरी को पटना से समस्तीपुर गया था। जांच में यह भी सामने आया कि जिस अल्टो कार में शव मिला था, वह 18 फरवरी से ही घटनास्थल पर खड़ी थी। पुलिस ने मोबाइल डेटा के आधार पर जहानाबाद जिले के हुलासगंज थाना क्षेत्र के मुसहौली गांव निवासी अभिषेक कुमार पासवान को संदिग्ध माना। पूछताछ के बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
हत्या का कारण और आरोपी का खुलासा
आरोपी ने पूछताछ में बताया कि 16 फरवरी को वह और भानु कुमार समस्तीपुर गए थे। वहां उनके पांच साथी पहले से मौजूद थे। इन सभी को समस्तीपुर के एक व्यक्ति की हत्या के लिए 10 लाख रुपये की सुपारी दी गई थी। योजना के तहत वे एक कार और बाइक से बहादुरपुर पहुंचे, जहां उन्होंने लक्ष्य पर फायरिंग की। गोलीबारी में भानु कुमार और एक साथी घायल हो गए। इलाज के दौरान भानु कुमार की मौत हो गई।
मृतक का शव गंगा नदी में फेंकने की योजना बनाते समय ही पुलिस की गश्त ने उन्हें रोक लिया। आरोपी कार लेकर महात्मा गांधी सेतु पर पहुंचे ही थे कि पुलिस को देखकर कार को पुल के किनारे खड़ा कर फरार हो गए। 19 फरवरी को गंगाब्रिज थाना क्षेत्र में महात्मा गांधी सेतु के पास लावारिस हालत में खड़ी एक कार मिली, जिसमें भानु कुमार का शव पड़ा था। पुलिस इस मामले की जांच कर रही है।









