राहुल गांधी का आरोप: हरियाणा में फर्जी वोटिंग का खुलासा
राहुल गांधी ने अपने ‘एच-फाइल्स’ प्रस्तुति में दावा किया कि हरियाणा की मतदाता सूची का गहन पुनरीक्षण किया गया, जिसमें करीब पांच लाख बीस हजार से अधिक डुप्लिकेट वोटर, नौ लाख तीस हजार से अधिक गलत पते वाले मतदाता, और लगभग बीस लाख सोलह हजार से अधिक एक ही घर पर दर्ज वोटर पाए गए। इसके अलावा, एक लाख चौबीस हजार से अधिक धुंधली तस्वीर वाले वोटर भी सूची में शामिल हैं। इन आंकड़ों के आधार पर राहुल का तर्क है कि कुल मिलाकर लगभग 25 लाख वोट संदिग्ध हैं, यानी हर आठवें वोट में चोरी की आशंका है।
चुनाव में गड़बड़ी का आरोप और कांग्रेस का दावा
कांग्रेस सांसद का आरोप है कि यदि हरियाणा में 25 लाख फर्जी वोटर हैं और फिर भी कांग्रेस 22 हजार 779 वोट से हार जाती है, तो यह वोटिंग में बड़े पैमाने पर धांधली का संकेत है। उनका तर्क है कि जब कांग्रेस ओपिनियन पोल और एग्जिट पोल में आगे थी, तो चुनाव परिणाम में हार कैसे हो सकती है? राहुल गांधी का आरोप है कि चुनाव आयोग इस गड़बड़ी से वाकिफ होने के बावजूद जानबूझकर कार्रवाई नहीं कर रहा है, ताकि भारतीय जनता पार्टी (BJP) को फायदा पहुंचाया जा सके।
चुनाव आयोग का जवाब और भाजपा का पलटवार
हरियाणा के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने राहुल गांधी का नाम लिए बिना सफाई दी कि मतदाता सूची का प्रारूप अगस्त 2024 में कांग्रेस को सौंपा गया था, और सितंबर तक किसी भी बीएलओ या पार्टी प्रतिनिधि ने कोई शिकायत नहीं की। उन्होंने कहा कि राज्य में 20,632 बीएलओ, 86,790 पोलिंग एजेंट और 10,180 काउंटिंग एजेंट मौजूद थे, लेकिन किसी ने भी फर्जी वोटिंग की शिकायत नहीं की। उनका तर्क है कि यदि कोई गड़बड़ी होती, तो ये प्रतिनिधि जरूर आपत्ति दर्ज कराते।
वहीं, केंद्रीय मंत्री किरेन रिजीजू ने राहुल गांधी पर पलटवार करते हुए कहा कि वे विदेशी ताकतों के बहकावे में आकर भारत की संस्थाओं पर हमला कर रहे हैं। रिजीजू ने तंज कसते हुए कहा, “राहुल गांधी को बाहर वाले जो सिखाते हैं, वही वे बोलते हैं।” भाजपा का दावा है कि यदि राहुल गांधी के पास कोई सबूत है, तो वे इसे अदालत में याचिका दायर कर प्रस्तुत करें।
बिहार में राजनीतिक संकेत और मतदाता जागरूकता
अब सवाल उठता है कि क्या राहुल गांधी की ‘हरियाणा फाइल्स’ बिहार के चुनावी परिदृश्य पर प्रभाव डाल पाएंगी? राहुल ने अपने आरोपों को बिहार से भी जोड़ते हुए कहा कि यहां मतदाता सूची के पुनरीक्षण (SIR) में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी की जा रही है। उन्होंने मंच पर बिहार के कुछ मतदाताओं को पेश कर दावा किया कि उनके नाम जानबूझकर मतदाता सूची से हटा दिए गए हैं।
फिलहाल, राहुल गांधी ने बिहार में मतदान से एक दिन पहले ही अपने आरोपों का खुलासा कर मतदाताओं और राजनीतिक दलों के कार्यकर्ताओं में जागरूकता पैदा करने का प्रयास किया है। अब देखना यह होगा कि इन आरोपों का मतदान पर क्या असर पड़ता है और राजनीतिक माहौल में कितनी हलचल मचती है।










