बिहार में नीतीश कुमार का चुनावी अभियान
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने गोपालगंज में एनडीए उम्मीदवारों के समर्थन में दो महत्वपूर्ण चुनावी रैलियों को संबोधित किया। उन्होंने पहली सभा भोरे विधानसभा के जीए उच्च विद्यालय के खेल मैदान पर आयोजित की, जिसके बाद वे बरौली विधानसभा के माधव उच्च विद्यालय मांझा पहुंचे। इन दोनों सभाओं में उन्होंने जनता को संबोधित करते हुए अपने कार्यकाल की उपलब्धियों का बखान किया और विपक्षी दलों पर तीखा हमला बोला।
लालू परिवार पर कसा तंज और सरकार की उपलब्धियां
सीएम नीतीश कुमार ने अपने भाषण में लालू परिवार को निशाने पर लेते हुए कहा कि पूर्व की सरकार ने कोई खास काम नहीं किया। उन्होंने याद दिलाया कि 2005 से पहले शाम को लोग घर से बाहर निकलने से डरते थे, और हिंदू-मुस्लिम के बीच अक्सर झगड़े होते रहते थे। उन्होंने कहा कि हमने इन झगड़ों को खत्म करने के लिए कब्रिस्तान की घेराबंदी कराई। नीतीश कुमार ने जनता से अपील की कि वे इस बार मतदान में मौका न दें, क्योंकि विपक्षी दल केवल अपने स्वार्थ के लिए काम करते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि उनकी सरकार में कानून का राज है और जनता का जीवन बेहतर बनाने के लिए कई कदम उठाए गए हैं।
सरकार की प्रमुख उपलब्धियों का उल्लेख
मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार की उपलब्धियों का जिक्र करते हुए कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में पांच लाख से अधिक शिक्षकों की नियुक्ति की गई है। स्वास्थ्य सेवाओं में कई मेडिकल कॉलेज खोले गए हैं। बिजली की आपूर्ति को बेहतर बनाने के लिए 125 यूनिट बिजली मुफ्त कर दी गई है। वृद्धावस्था पेंशन में वृद्धि की गई है और महिलाओं को रोजगार के अवसर प्रदान किए गए हैं। उन्होंने यह भी बताया कि बिहार पुलिस में महिलाओं की संख्या पूरे भारत में सबसे अधिक है, और सरकार ने हिंदू-मुस्लिम दोनों समुदायों के लिए समान रूप से काम किया है।









