बिहार में भारी बारिश और तूफान से फसलों को नुकसान, सरकार ने सहायता योजना शुरू की
बिहार में अत्यधिक वर्षा और मोन्था तूफान के कारण किसानों की फसलों को गंभीर नुकसान पहुंचा है। इस प्राकृतिक आपदा से प्रभावित किसानों को राहत देने के लिए राज्य सरकार ने कृषि इनपुट अनुदान योजना शुरू की है। इस योजना का लाभ पाने के लिए आवेदन की अंतिम तिथि पहले 2 दिसंबर निर्धारित थी, जिसे अब बढ़ाकर 5 दिसंबर 2025 कर दिया गया है।
सरकार ने दी जानकारी, आवेदन तिथि में हुई वृद्धि
कृषि विभाग (बिहार) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (Twitter) पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि अक्टूबर 2025 में हुई भारी बारिश, बाढ़ और मोन्था तूफान से प्रभावित 12 जिलों के 39 प्रखंडों और 397 पंचायतों में फसलों को हुए नुकसान के मद्देनजर आवेदन की अंतिम तिथि को बढ़ाया गया है। अब किसान इस योजना का लाभ लेने के लिए 5 दिसंबर 2025 तक आवेदन कर सकते हैं।
कृषि इनपुट अनुदान योजना के तहत मिलने वाली सहायता और आवेदन प्रक्रिया
इस योजना के तहत वर्षा आधारित (असिंचित) फसल के लिए ₹8,500 प्रति हेक्टेयर, सिंचित फसल के लिए ₹17,000 प्रति हेक्टेयर और शाश्वत या बहुवर्षीय फसल के लिए ₹22,500 प्रति हेक्टेयर अनुदान दिया जाएगा। अधिकतम दो हेक्टेयर तक सहायता प्राप्त की जा सकती है। रैयत और गैर-रैयत दोनों किसान इस योजना के लिए पात्र हैं। किसान स्वयं आवेदन कर सकते हैं, जिसके लिए उन्हें https://dbtagriculture.bihar.gov.in/ वेबसाइट पर जाना होगा। आवेदन के लिए आधार, सीड बैंक खाता, भूमि दस्तावेज, LPC या स्वधारणा प्रमाण-पत्र जैसे जरूरी दस्तावेज तैयार रखना आवश्यक है। अधिक जानकारी के लिए किसान कॉल सेंटर 18001801551 से संपर्क कर सकते हैं।










