बेगूसराय में राजनीतिक तनाव और आरोपों का दौर
बिहार के बेगूसराय जिले में हाल ही में राजनीतिक माहौल काफी गर्म हो गया है, जब राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के जिलाध्यक्ष मोहित यादव ने अपने फेसबुक लाइव के माध्यम से जिला प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने आरोप लगाया कि जिले के डीएम (District Magistrate) भ्रष्ट हैं और उन्होंने रुपये लेकर एनडीए (NDA) प्रत्याशियों को जीताने के लिए टेंडर किया है। इस वीडियो के वायरल होने के बाद हजारों समर्थक मतगणना केंद्र की ओर रुख करने लगे। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए प्रशासन ने तुरंत कदम उठाते हुए मोहित यादव के खिलाफ साइबर थाने में एफआईआर दर्ज कराई।
मोहित यादव का वायरल वीडियो और आरोपों का बखेड़ा
मोहित यादव ने बुधवार को अपने फेसबुक अकाउंट से लगभग चार मिनट सैंतालीस सेकंड का लाइव वीडियो पोस्ट किया। इस वीडियो में उन्होंने बेगूसराय के डीएम सहित कई अधिकारियों पर मतगणना में गड़बड़ी रचने का आरोप लगाया। उन्होंने दावा किया कि जनता ने तेजस्वी यादव को मुख्यमंत्री बनाने के लिए वोट दिया, लेकिन अब प्रशासन गिनती में धांधली करने की योजना बना रहा है। यादव ने कहा कि कुछ राउंड की गिनती के बाद मतगणना धीमी कर दी जाएगी, ताकि परिणाम प्रभावित हो सके।
प्रशासन की कार्रवाई और चुनावी माहौल का तनाव
मोहित यादव के वीडियो और आरोपों को गंभीरता से लेते हुए, सहायक निर्वाचन अधिकारी और अंचल अधिकारी रवि शंकर ने साइबर थाना में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में कहा गया कि यादव ने झूठी और भ्रामक बातें फैलाकर मतगणना के दिन शांति व्यवस्था बिगाड़ने का प्रयास किया है। इस वीडियो के बाद बड़ी संख्या में समर्थक मतगणना केंद्र की ओर बढ़ने लगे, जिससे कानून व्यवस्था का खतरा पैदा हो गया।
साइबर डीएसपी इमरान अहमद ने बताया कि यादव के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धाराओं 147, 352, 353 और आईटी एक्ट की धाराओं 66, 67 के तहत मामला दर्ज किया गया है। एफआईआर में कहा गया है कि यह लाइव वीडियो न केवल गलत जानकारी फैलाने वाला है, बल्कि मतगणना प्रक्रिया को प्रभावित करने का भी प्रयास है।
पुलिस ने इस मामले में आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। सोशल मीडिया पर इस तरह के भड़काऊ वीडियो और पोस्ट चुनावी प्रक्रिया में बाधा डालते हैं, इसलिए इनकी जांच की जा रही है। प्रशासन ने कहा है कि किसी भी तरह की अफवाह फैलाने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस बीच, राजद ने इस पूरे घटनाक्रम को ‘राजनीतिक साजिश’ करार दिया है, और हालात पर कड़ी नजर रखी जा रही है।











