बिहार चुनाव में सीट शेयरिंग विवाद की जड़ें
बिहार विधानसभा चुनाव के लिए एनडीए (NDA) के बीच सीट बंटवारे का फॉर्मूला तय होने के बावजूद पार्टी के भीतर असंतोष और मतभेद स्पष्ट रूप से उभर कर सामने आ रहे हैं। सूत्रों के अनुसार, राष्ट्रीय लोक मोर्चा (RLM) के प्रमुख उपेंद्र कुशवाहा को महुआ विधानसभा सीट का टिकट रामविलास पासवान की लोक जनशक्ति पार्टी (LJP) के खाते में जाने से गहरा आघात पहुंचा है। इस निर्णय से कुशवाहा नाखुश हैं और उन्होंने इस असंतोष को सार्वजनिक रूप से जाहिर किया है।
कुशवाहा की नाराजगी और राजनीतिक हलचल
मंगलवार रात को ही बीजेपी के वरिष्ठ नेताओं का एक समूह उपेंद्र कुशवाहा से मिलने उनके आवास पहुंचा। इसमें केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान, गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय, उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, मंत्री नितिन नवीन और ऋतुराज सिन्हा शामिल थे। इन नेताओं ने कुशवाहा के साथ लगभग चार घंटे तक बैठक की, जिसमें सीटों के बंटवारे को लेकर चर्चा हुई। इस दौरान सहयोगी दलों के नेताओं से भी फोन पर बातचीत जारी रही। हालांकि, इस बैठक का कोई सकारात्मक परिणाम नहीं निकला और कुशवाहा ने अपने आवास से निकलते समय कोई बयान नहीं दिया। वहीं, कुशवाहा ने पत्रकारों से कहा, “एनडीए में सब कुछ ठीक नहीं है।” यह संकेत है कि पार्टी के भीतर अभी भी असंतोष और टकराव की स्थिति बनी हुई है।
आगामी रणनीति और पार्टी की बैठकें
रातभर की हलचल के बाद, बुधवार को उपेंद्र कुशवाहा ने अपनी पार्टी की आपात बैठक बुलाई है। यह बैठक दोपहर 12:30 बजे होगी, जिसमें पार्टी के वरिष्ठ नेता भाग लेंगे। माना जा रहा है कि इस बैठक में आगामी चुनाव के लिए रणनीति पर चर्चा होगी और संभवतः कोई बड़ा निर्णय लिया जाएगा। इसके बाद कुशवाहा प्रेस कॉन्फ्रेंस कर अपने अगले कदम की घोषणा कर सकते हैं।
बिहार चुनाव का राजनीतिक परिदृश्य और विवाद
रविवार को एनडीए ने बिहार विधानसभा चुनाव के लिए सीट बंटवारे का फॉर्मूला घोषित किया था। इसमें मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की जेडीयू और बीजेपी ने 101-101 सीटों पर चुनाव लड़ने का फैसला किया। वहीं, चिराग पासवान की एलजेपी (रामविलास) को 29 सीटें दी गईं, जबकि जीतन राम मांझी की हम पार्टी और उपेंद्र कुशवाहा की RLM को छह-छह सीटें मिलीं।
मामले में असंतोष तब उभरा जब मांझी और कुशवाहा ने अपनी-अपनी सीटों को लेकर आपत्ति जताई। मांझी ने 15 सीटों की मांग की थी, जबकि कुशवाहा ने 24 सीटों का दावा किया। सीट बंटवारे की घोषणा के तुरंत बाद, कुशवाहा ने सोशल मीडिया पर एक भावुक संदेश जारी किया, जिसमें उन्होंने कहा कि उनके समर्थकों को उम्मीद के मुताबिक सीटें नहीं मिल सकीं। उन्होंने अपने संदेश में कहा, “आप सभी से क्षमा चाहता हूं। संभव है कि घरों में आज खाना भी न बना हो, लेकिन ऐसी परिस्थितियां भी होती हैं जो दिखती नहीं हैं।” यह बयान पार्टी के भीतर चल रहे असंतोष और भविष्य की रणनीति को दर्शाता है।











