कांग्रेस का मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ देशव्यापी प्रदर्शन
देशभर में कांग्रेस ने मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ जोरदार विरोध प्रदर्शन किया है। पार्टी का आरोप है कि चुनाव आयोग में मनमानी चल रही है और दो अन्य आयुक्तों की बातों को नजरअंदाज किया जा रहा है। इस विरोध में गुवाहाटी, लखनऊ, देहरादून, चंडीगढ़, कोलकाता और मणिपुर जैसे शहरों में एक साथ प्रदर्शन हुए। गुवाहाटी में गौरव गोगोई ने इस आंदोलन का नेतृत्व किया। वहीं मणिपुर के इंफाल में स्थिति तनावपूर्ण हो गई, जहां कार्यकर्ताओं को रोकने के लिए आंसू गैस के गोले तक छोड़ने पड़े।
राजनीतिक दलों का विरोध और हिंसक झड़पें
चंडीगढ़ में भी कांग्रेस नेताओं ने सभा कर प्रदर्शन मार्च निकाला। जम्मू-कश्मीर में इस मुद्दे को विधानसभा में भी उठाया गया, जहां मांग की गई कि ज्ञानेश कुमार तुरंत पद छोड़ें। मणिपुर के इंफाल में प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने कार्यालय के अंदर घुसने का प्रयास किया, जिसे रोकने के लिए पुलिस को आंसू गैस का प्रयोग करना पड़ा। दिल्ली में यूथ कांग्रेस ने भी मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने मास्क पहने व्यक्ति को पुलिस थाने में सौंपने की मांग की और उनके खिलाफ कार्रवाई की आवाज उठाई।
राष्ट्रीय स्तर पर विरोध और आगामी रणनीति
राहुल गांधी ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में सीईसी पर गंभीर आरोप लगाए थे, जिसके बाद कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि वह अब एक्शन मोड में है। देशभर की कांग्रेस इकाइयों को विरोध प्रदर्शन करने का निर्देश दिया गया है। दिल्ली में प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने बैरिकेड्स पार कर जंतर मंतर और संसद मार्ग की ओर बढ़ने का प्रयास किया, जिसे पुलिस ने रोक दिया। अध्यक्ष उदय भानु चब को हिरासत में लिया गया और कई कार्यकर्ताओं को वहां से हटा दिया गया।
पटना में भी कांग्रेस ने ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए वाटर कैनन का इस्तेमाल किया और कई कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया। प्रदर्शनकारियों का गुस्सा अभी भी बरकरार है, और वे अपने विरोध को जारी रखने का संकल्प लिए हुए हैं। चंडीगढ़ में भी हिरासत की घटनाएं हुई हैं।
लखनऊ में भारी बारिश के बावजूद कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने सड़क पर उतरकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि गणेश कुमार तुरंत पद छोड़ें। पुलिस ने मौके पर तैनाती कर प्रदर्शनकारियों को रोकने की कोशिश की, लेकिन भीड़ डटी रही। कार्यकर्ताओं ने “वोट चोर, गद्दी चोर” जैसे नारे लगाए और सरकार के खिलाफ अपना गुस्सा जाहिर किया।
चंडीगढ़ में हरियाणा कांग्रेस ने भी चुनाव आयोग के खिलाफ प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने आयोग के कार्यालय तक मार्च निकाला और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इस्तीफे की मांग की। कांग्रेस का आरोप है कि भाजपा सरकार ने वोट चोरी कर सत्ता हासिल की है। पंजाब कांग्रेस ने भी इसी तरह का प्रदर्शन किया था।
जम्मू में कांग्रेस ने चुनाव आयोग के खिलाफ प्रदर्शन किया और ज्ञानेश कुमार का पुतला फूंका। कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि उन्होंने चुनाव में धांधली की है और मोदी सरकार के इशारे पर काम कर रहे हैं। प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा बलों के साथ झड़प भी हुई। कांग्रेस का कहना है कि आयोग के बाकी दो आयुक्तों ने भी प्रक्रिया में आपत्ति जताई थी, लेकिन उन्हें नजरअंदाज किया गया।
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग पर सरकार का प्रभाव है और वोट की चोरी हो रही है। कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी ने भी कार्रवाई की मांग की। विपक्षी दलों ने भी इस मुद्दे पर कार्रवाई की बात कही है। इस पूरे विवाद के बाद से देशभर में विरोध तेज हो गया है, और कांग्रेस इस आंदोलन को आगे बढ़ाने की तैयारी कर रही है।









