दिल्ली की अदालत ने अंकित शर्मा हत्या मामले में दोषियों को सजा सुनाई
दिल्ली की एक न्यायालय ने इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) के अधिकारी अंकित शर्मा की हत्या के मामले में पूर्व आम आदमी पार्टी (AAP) पार्षद ताहिर हुसैन और चार अन्य आरोपियों को दोषी ठहराया है। फरवरी 2020 में उत्तर पूर्वी दिल्ली में हुई सांप्रदायिक हिंसा के दौरान भीड़ ने अंकित पर हमला किया था और उनके शव को नाले में फेंक दिया गया था। इस फैसले के करीब छह साल बाद परिवार ने न्याय की उम्मीद जगी है, और अंकित के भाई अंकुर ने कहा कि परिवार की मुख्य मांग है कि दोषियों को फांसी दी जाए।
अदालत का फैसला और दोषियों का विवरण
अदालत ने ताहिर हुसैन के साथ-साथ नाजिम, कासिम, जावेद और अनस को भी दोषी पाया है, हालांकि सभी को हत्या के आरोप में दोषी नहीं माना गया है। वहीं, छह अन्य आरोपियों को बरी कर दिया गया है। इस फैसले के बाद परिवार ने कहा कि उनकी मांग थी कि सभी दोषियों को कठोर से कठोर सजा मिले, और उन्हें उम्मीद है कि न्याय सुनिश्चित हो गया है।
परिवार की प्रतिक्रिया और न्याय की उम्मीदें
अंकित शर्मा के भाई अंकुर ने कहा कि परिवार की पहली और मुख्य इच्छा थी कि उनके भाई के हत्यारों को फांसी की सजा मिले। उन्होंने बताया कि पूरे देश में उनके समर्थन और न्याय की उम्मीद जगी है। उन्होंने यह भी कहा कि उनके परिवार को भरोसा था कि जांच में सबूतों के आधार पर दोषियों को सजा मिलेगी। परिवार का कहना है कि उनके पिता और पूरे परिवार की इच्छा थी कि उनके बेटे को न्याय मिले, क्योंकि उसने देश की सेवा में अपना सर्वोच्च बलिदान दिया।









