मध्यप्रदेश में बाढ़ राहत घोटाले की मुख्य आरोपी महिला तहसीलदार गिरफ्तार
मध्यप्रदेश के श्योपुर जिले में बाढ़ राहत घोटाले के मुख्य आरोपी महिला तहसीलदार अमिता सिंह तोमर को गुरुवार को आखिरकार जेल भेज दिया गया है। हालांकि, गिरफ्तारी के दौरान पुलिस की मौजूदगी में भी उसकी दबंगई कम नहीं दिखी। पुलिस की सुरक्षा के बीच वह पत्रकारों को ही धमकाने लगीं।
पुलिस के सामने भी महिला तहसीलदार की दबंगई जारी
दरअसल, कराहल थाने पर गिरफ्तारी के समय अमिता सिंह तोमर अपने मुंह छुपाते हुए पुलिस के साथ जा रही थीं। इस दौरान जब पत्रकारों ने उनके वीडियो और फोटो बनाने का प्रयास किया, तो वह भड़क उठीं। उन्होंने धमकी दी कि वह पूरी पत्रकारिता ही खत्म कर देंगी। इस वायरल वीडियो को सोशल मीडिया पर व्यापक रूप से ट्रोल किया जा रहा है, जिसमें लोग महिला तहसीलदार की दबंगई की निंदा कर रहे हैं।
बाढ़ राहत घोटाले में मुख्य संदिग्ध हैं अमिता सिंह तोमर
बता दें कि बाढ़ राहत घोटाले में महिला तहसीलदार अमिता सिंह तोमर मुख्य संदिग्ध हैं। उन्हें हाईकोर्ट के बाद सुप्रीम कोर्ट में भी जमानत याचिका खारिज होने के बाद ग्वालियर से गिरफ्तार कर लिया गया है। उन्हें श्योपुर कोर्ट में पेश कर शिवपुरी महिला जेल में भेजा गया है। उल्लेखनीय है कि 2011 में अमिता सिंह तोमर ने केबीसी के पांचवें सीजन में 50 लाख रुपये जीतकर सुर्खियां बटोरी थीं। पिछले वर्षों में सोशल मीडिया पर विवादित पोस्ट और कमेंट करने के कारण उन्हें निलंबित भी किया गया था। साथ ही, उन्होंने बार-बार तबादलों को लेकर प्रधानमंत्री मोदी को पत्र भी लिखा था।








