पश्चिम एशिया में संघर्ष के बीच बिहार के मरीन इंजीनियर की मौत
पश्चिम एशिया में जारी तनाव और युद्ध के माहौल के बीच बिहार के भागलपुर जिले से एक दुखद खबर सामने आई है। यहां के एक अनुभवी मरीन इंजीनियर की समुद्री हादसे में मृत्यु हो गई है। मृतक की पहचान 52 वर्षीय देवनंदन सिंह के रूप में हुई है, जो सोनहौला प्रखंड के रानी बामिया गांव के निवासी थे।
जहाज पर हुए हमले में देवनंदन सिंह ने दी जान की कोशिश
परिजनों के अनुसार, देवनंदन सिंह एक थाई जहाज से भारत लौट रहे थे, तभी होर्मुज स्ट्रेट (Hormuz Strait) के पास उनके जहाज पर हमला हुआ। यह घटना बुधवार तड़के लगभग 2:30 बजे की बताई जा रही है। इस हमले के दौरान, जहाज पर मौजूद देवनंदन सिंह ने अपनी जान बचाने के लिए समुद्र में छलांग लगा दी। हालांकि, बाद में रेस्क्यू टीम ने उन्हें बचाने का प्रयास किया, लेकिन वे जीवित नहीं बच सके।
मृतक का पेशा और परिवार की प्रतिक्रिया
देवनंदन सिंह मुंबई में स्थित ब्रावो शिप मैनेजमेंट कंपनी (Bravo Ship Management) में उपाध्यक्ष के पद पर कार्यरत थे। वह लंबे समय से समुद्री क्षेत्र से जुड़े हुए थे और अपने पेशे में एक अनुभवी मरीन इंजीनियर के रूप में जाने जाते थे। उनके भाई कृष्णानंदन प्रसाद सिंह ने बताया कि गुरुवार सुबह करीब पांच बजे कंपनी के एक अधिकारी का फोन आया, जिसमें जहाज पर हुए हमले और उनके भाई की मौत की जानकारी दी गई।
परिवार का दावा है कि जिस जहाज से वह लौट रहे थे, उसे ईरान (Iran) से जुड़े एक “सुसाइडल शिप” (Suicidal Ship) ने निशाना बनाया था। हालांकि, इस हमले की आधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं हो पाई है। घटना की खबर मिलते ही परिवार के सदस्य दिल्ली के लिए रवाना हो गए हैं, वहीं उनका बेटा जो अमेरिका (US) में रहता है, भी भारत आने के लिए तैयार है।
देवनंदन सिंह अपने पीछे एक बेटा और एक बेटी छोड़ गए हैं। परिवार के सदस्य बताते हैं कि वह एक अनुभवी मरीन इंजीनियर थे और कई वर्षों से समुद्री जहाजों पर काम कर रहे थे। इस दुखद घटना ने पूरे परिवार में मातम पसरा है, और वे इस हादसे को लेकर गहरी शोकाकुलता व्यक्त कर रहे हैं।









